नई दिल्ली। सोने के 40,000 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी के 50,000 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव पर पहुंचने के बाद से ही दोनों बेशकीमती धातुओं के भाव में लगातार गिरावट दिख रही है।

इस सप्ताह के दूसरे कारोबारी सत्र में बुधवार को भी सोना 372 रुपये फिसल गया, जबकि चांदी के भाव में 1,150 रुपये की बड़ी गिरावट दर्ज की गई। कारोबार के आखिर में सोना 38,975 रुपये प्रति 10 ग्राम पर स्थिर था। चांदी का भाव 48,590 रुपये प्रति किलोग्राम रह गया।

HDFC सिक्युरिटीज के सीनियर कमोडिटीज एनालिस्ट तपन पटेल का कहना था कि त्योहारी सीजन सामने होने के बावजूद ऊंचे भाव के चलते सराफा कारोबारी फिलहाल सोने की खरीद से दूर हैं।

चांदी को भी संस्थागत खरीदारों और सिक्का निर्माताओं का भरपूर साथ नहीं मिल पाया। न्यूयॉर्क में सोना बढ़त के साथ 1,490 डॉलर, जबकि चांदी भी उछलकर 18.10 डॉलर प्रति औंस (28.35 ग्राम) पर कारोबार कर रहे थे। नई दिल्ली में 99.9 फीसद खरा सोना 38,975 रुपये, जबकि 99.5 फीसद खरा सोना 38,805 रुपये प्रति 10 ग्राम का रह गया।

यूएस गोल्ड फ्यूचर के भाव

इससे पहले शुरुआती कारोबार में सोने ने 13 जुलाई से अब तक के सबसे निचले स्तर 1,486 डॉलर प्रति औंस को छुआ था। यूएस गोल्ड फ्यूचर के भाव भी 0.5 फीसद गिरकर 1,503.20 डॉलर प्रति औंस पर आ गए हैं।

ETF में सुधरा निवेश

दूसरी तरफ गोल्ड ईटीएफ (एक्सचेंज ट्रेडेट फंड) में निवेश अच्‍छा रहा है। अगस्त में 145 करोड़ रुपए का शुद्ध निवेश हुआ है। यह नौ माह में पहली बार है जब गोल्ड ईटीएफ में निवेश देखा गया है। रुपए के कमजोर पड़ने और सोने की कीमतों में तेजी के बीच गोल्ड ईटीएफ में निवेश बढ़ा है।

निवेशक इसे निवेश का सुरक्षित विकल्प मान रहे हैं। दिसंबर, 2012 के बाद यह गोल्ड ईटीएफ में यह सबसे ऊंचा निवेश है। उस साल ईटीएफ में 474 करोड़ रुपए का निवेश हुआ था।