नई दिल्ली। बजट में पेट्रोल और डीजल पर टैक्स बढ़ाए जाने के बाद इनकी कीमतों में मामूली बढ़ोत्तरी हुई, लेकिन महंगाई पर अभी इस फैसले का असर नहीं हुआ है।

बजट के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने सोमवार को प्रेस कांफें्रस में ऐसा कहा। बजट के बाद वित्त मंत्री ने आईबीआई के बोर्ड के साथ बैठक की थी।

बजट में पेट्रोल और डीजल, दोनों पर 1-1 रुपए स्पेशल अतिरिक्त एक्साइज ड्यूटी (उत्पाद शुल्क) और अतिरिक्त सेस लगाने का एलान किया गया है। इसके बाद पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ गए।

दास ने कहा कि मौद्रिक नीति समिति की बैठक अगस्त के पहले हफ्ते में होने जा रही है। उन्होंने कहा, 'हमारी आंतरिक टीम पेट्रोल और डीजल की बढ़ी हुई कीमतों का महंगाई पर असर का विश्लेषण करेगी। ऐसा नहीं है कि इसका प्रभाव दूसरे दिन ही महंगाई पर दिखने लगेगा।

एनबीएफसी संकट पर नजर

कांफें्रस में सवालों के जवाब देते हुए दास ने कहा कि गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) में नकदी के संकट पर आरबीआई और सरकार, दोनों की नजर है। उन्होंने कहा, 'हम एनबीएफसी में नकदी के संकट का हल जल्द निकाल लेंगे। सिस्टम में पर्याप्त नकदी मौजूद है।' बैंकों में नए सिरे से पूंजी डाले जाने को लेकर उन्होंने कहा कि यह एक सकारात्मक कदम है। इससे क्रेडिट ग्रोथ बढ़ेगी।

लाभांश पर आम सहमति

रिजर्व बैंक की तरफ से सरकार को दिए जाने वाजले लाभांश पर दास ने कहा कि सरकार को कितना लाभांश दिया जाएगा, इस पर आम सहमति बन गई है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक कर्ज को लेकर भी सरकार से चर्चा की जाएगी। बॉन्ड के जरिए विदेश से कर्ज उठाने पर भी फैसला जल्द किया जाएगा।

Posted By: Nai Dunia News Network