मल्‍टीमीडिया डेस्‍क। देश में आर्थिक मंदी की बनती स्थिति के चलते यह संभावना बनी है कि इस सप्‍ताह RBI (रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया) को ब्‍याज दरों में कटौती करे। बताया जा रहा है कि RBI ब्‍याज दरों पर 5 दिसंबर को फैसला ले सकता है। पिछले सप्‍ताह ही साल की तीसरी तिमाही की विकास दर के आंकड़े सामने आए जो कि देश की अर्थव्‍यवस्‍था को झटका देने वाले रहे। देश की GDP 6 साल के सबसे निचले स्‍तर पर जा पहुंची है और इसमें 4.5 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। इस साल अभी तक आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने 135 बेसिस पाइंट्स में ब्‍याज दरों में कटौती की है। यह किसी भी एशियन बैंक द्वारा की गई सबसे अधिक कटौती थी। अब आरबीआई के नीति निर्धारक देश की अर्थव्‍यवस्‍था को बढ़ावा देने की दिशा में फोकस कर रहे हैं।

बीते सप्‍ताह सामने आए विकास दर के आंकड़ों के बाद अब इसके लिए पर्याप्‍त कारण बनता है। Yes Bank Ltd. की चीफ इकोनॉमिस्‍ट शुभदा राव का कहना है हमें आरबीआई से अपेक्षा है कि वह अगली मीटिंग में 25 बेसिस पाइंट्स रेट कट को लेकर कुछ फैसला ले। जीडीपी के कमजोर आंकड़ों के बाद अब विकास नीति पर ध्‍यान दिए जाने की दरकार है। यह केवल सरकारी खर्च था जिसने अर्थव्यवस्था को गति दी, निजी खपत अभी भी काफी कम है।

क्या कहते हैं अर्थशास्‍त्री

ब्लूमबर्ग के अर्थशास्त्री कहते हैं कि अब हम उम्मीद करते हैं कि RBI 5 दिसंबर को होने वाली नीति समीक्षा में लगभग 40-50 बीपीएस की बड़ी दर में कटौती करेगा। यह 25 बीपीएस दर में कटौती के लिए हमारे पहले के पूर्वानुमान से ऊपर है। इस कटौती को बाजार की धारणा को बढ़ावा देकर अर्थव्यवस्था को समर्थन देना चाहिए।

Posted By: Navodit Saktawat