पेरिस। आर्टिफिशयल इंटेलिजेंस के इस्तेमाल से रिटेल कंपनियों को लागत में करीब 340 अरब डॉलर यानी 23800 अरब रुपए) की बचत हो सकती है। टेक्नोलॉजी सेवाएं मुहैया कराने वाली प्रमुख फ्रांसीसी कंपनी कैपजेमिनी के एक नए वैश्विक अध्ययन में यह जानकारी मिली है।

हालांकि, अब तक केवल एक फीसदी खुदरा विक्रेताओं ने इस स्तर की तैनाती हासिल की है। यह जानकारी 'खुदरा सुपरस्टार का निर्माण : विभिन्ना प्रणालियों में एआई के इस्तेमाल से कैसे अरबों डॉलर के अवसर मिलेंगे' नामक अध्ययन से मिली है।

शोधकर्ताओं ने पाया कि अधिकांश खुदरा विके्रता अपने एआई प्रयासों को बिक्री और विपणन पर केंद्रित कर रहे हैं, जबकि एआई का उपयोग समूची मूल्य श्रृंखला में करने का व्यापक अवसर उपलब्ध है।

प्राथमिकता में असंतुलन

कैपजेमिनी के उपाध्यक्ष (वैश्विक उपभोक्ता उत्पाद और खुदरा क्षेत्र) कीज जैकब ने बताया, 'हमारे रिसर्च से पता चलता है कि लागत, डेटा और आरओआई (निवेश पर वापसी) को प्राथमिकता देने वाले संगठनों में एक स्पष्ट असंतुलन दिखता है। जब वे एआई की तैनाती करते हैं, तो इसमें ग्राहक की फिक्र बहुत कम कंपनियां करती हैं।' जैकब ने कहा, इन दोनों कारकों को लंबे समय तक एआई के विकास के बराबर वजन देने की जरूरत है, क्योंकि तभी संपूर्ण लाभ मिलेगा।'

Posted By:

  • Font Size
  • Close