अंबिकापुर। वैलेंटाइन-डे के विरोध के नाम पर संजय पार्क में घूमने पहुंचे लड़के लड़कियों के बीच दहशत का माहौल निर्मित कर युवती को दौड़ाने के मामले में चार पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के निलंबन के बाद कोतवाली थाने में चार नामजद आरोपितों सहित अन्य के विरुद्ध बलवा सहित अन्य संगीन धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर लिया गया है। आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम रवाना हो गई है। घटना दिवस लड़कियों को दौड़ाने और गलत नीयत से अपने हाथों से छूकर, धक्का देते हुए महिला आरक्षक को पीछे धकेलने की पुष्टि संजय पार्क में ड्यूटी कर रहे एएसआई रामचन्द्र सिंह यादव ने की है। उन्होंने बताया कि घटना दिनांक 14 फरवरी को वेलेंटाइन डे के दिन दोपहर 12 से 12:30 के बीच संजय पार्क में प्रधान आरक्षक मनीष तिवारी, आरक्षक रिपी साहू के अलावा एक महिला आरक्षक के साथ वे सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर लगाई गई ड्यूटी पर थे।

पार्क के मुख्य प्रवेश द्वार पर वे तैनात थे, तभी दोपहर लगभग 12 बजे 15-20 लोग शोर मचाते हाथ मे लाठी, डंडा लिए पार्क के मुख्य प्रवेश द्वार के अंदर घुसने का प्रयास करने लगे। इनके द्वारा महिला आरक्षक को गलत नीयत से छूकर धकेला दिया। काफी मना करने के बाद भी वे नहीं माने।

पुलिस से धक्का-मुक्की करते ये पार्क के अंदर प्रवेश कर गए और पुलिस का रास्ता अवरुद्ध करने लगे। झुंड में डंडा, झंडा लेकर घुसे युवक कौन यहां वैलेंटाइन मनाएगा, कहते हुए अंदर घुस गए। पार्क के अंदर कुछ युवक-युवतियां बैठे थे और घूम फिर रहे थे।

इन्हें डंडे का भय दिखाकर पार्क में घुसे युवक मारपीट पर उतारू हो गए। लड़कियों की छवि धुमिल करने के उद्देश्य से अपराधिक बल का प्रयोग करते हुए उन्हें पकड़ने का प्रयास करने लगे, जिससे पार्क में मौजूद लड़के-लड़कियां भयभीत होकर भागने लगे।

मना करने पर भी एक समूह हाथ में डंडा लेकर वैलेंटाइन मनाने का कथित रूप से विरोध कर रहे थे। इसके बाद सभी युवक संजय पार्क से बाहर निकल कर भाग निकले। घटना के समय पार्क में वन विभाग के कर्मचारी सहित अन्य लोग मौजूद थे। रिपोर्ट पर पुलिस ने योगेश दुबे, अनिरुद्ध मिश्रा, मयंक सोनी, अमित सरदार व साथियों के विरुद्ध धारा 147, 148, 149, 341, 342, 332, 352, 353, 354, 153-ए (1) का मामला आरोपों के विरूद्ध दर्ज कर लिया है।

टीआई को भी नहीं दी जानकारी

संजय पार्क में घुसकर दिखाई गई दबंगई और लड़कियों से छेड़खानी की तर्ज पर उन्हें दौड़ाने जैसी हरकत की जानकारी संजय पार्क में ड्यूटी कर रहे एएसआई सहित अन्य ने कोतवाली टीआई विलियम टोप्पो तक को नहीं दी थी। जबकि उन्होंने टीम को रवाना करते वक्त हिदायत दी थी कि अगर कोई जोर जबरदस्ती जैसी स्थिति बने तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस अधिकारियों को दें ताकि पुलिस बल का सहयोग लिया जा सके।

पार्क में वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी हालात का जायजा लेने पहुंचे, इन्हें भी खैरियत की भाषा बोलकर चंद मिनट में रवाना कर दिया। कोतवाली टीआई ने बताया कि जब कथित धार्मिक संगठन के लोग वाटर पार्क से रवाना हुए थे तभी उन्हें सूचना मिल गई थी कि समूह में लोग संजय पार्क की ओर निकले हैं और उन्होंने पार्क में ड्यूटी दे रहे एएसआई को एलर्ट कर दिया था।

Posted By: Himanshu Sharma