दल्लीराजहरा/डौंडी (नईदुनिया)। डौंडी क्षेत्र में कोविड-19 कोरोना संक्रमण के बीच मनरेगा के कार्य ने ग्रामीणों को बड़ी राहत दी। गांव में प्रोटोकॉल का पालन कराते हुए मनरेगा का कार्य जारी रखा गया। इस वजह से पलायन की रफ्तार भी थमी। जो लोग पहली लहर के बाद घर लौटे थे, उन्हें मनरेगा के माध्यम से रोजगार मिल पाया। हालांकि खेती का कार्य शुरू होते ही अब मनरेगा में मजदूरों की संख्या घटने लगी है।

इधर सिर पर मानसूनी दस्तक के चलते कुसुमकसा, धोबनी अ, धोबनी ब, भर्रीटोला 43, रजही, चिपरा, ध्रुवाटोला, सुवरबोड़, दानीटोला, भैंसबोड़, गुजरा, खल्लारी, पुसावड़, कुंजकन्हार, आमाडूला, चिहरो, मंगलतराई, बेलौदा, सिंघोला, मथेना, ढोर्रीठेमा, भर्रीटोला 36, सुरडोंगर, लिमऊडीह, मरदेल, गुदुम, मरकाटोला, बम्हनी, छिंदगांव, अवारी, कांड़े, कुंआगोंदी, ठेमाबुर्जुग, पेण्ड्री, पटेली, पचेड़ा, घोठिया, बोरगांव, कामता, सह्लाईटोला, कोटागांव, नलकसा, कुमुडकट्टा, आड़ेझर, खैरवाही, नर्राटोला, चिखली, साह्ले, सिंघनवाही, टेकाढोड़ा, चिखलाकसा, धोबेदण्ड, बिटाल, अरमुरकसा सहित अंचल में चल रहे कार्यों को समय पर पूरा कराने की भी चुनौती है। इसी तरह मनरेगा शाखा की ओर से नवंबर से पेंडिंग चल रहे मटेरियल सप्लाई का भुगतान कर दिया गया है। इससे लोगों की परेशानी बढ़ गई है।

फिलहाल इन कार्यों पर फोकस किए हैं

पंचायत प्रतिनिधि लगातार भुगतान कराने की मांग करते आ रहे थे। तालाब गहरीकरण, कुआं निर्माण जैसे बड़े कार्य लगभग पूरे हो गए हैं। इसलिए मनरेगा शाखा की ओर से अब हितग्राही मूलक कार्यों पर ज्यादा फोकस किया जा रहा है। मुर्गी और बकरी शेड निर्माण, मेढ़ बंधान के कार्यों को प्राथमिकता में लिया गया है।

इस बात की राहत, लोकल में ग्रामीणों को मिला काम

कोरोना संक्रमण के बीच गांवों में मनरेगा का कार्य चलता रहा। पंचायतों ने प्रोटोकॉल का पालन कराते हुए मनरेगा के कार्य जारी रखा। इसी वजह से गांवों से पलायन की ज्यादा शिकायतें सामने नहीं आई। कोरोना की पहली लहर के दौरान जो मजदूर घर लौटे थे, उनका भी जॉब कार्ड बना। इसलिए ये लोकल स्तर पर ही मजदूरी करते रहे। हालांकि कृषि सीजन में अब ग्रामीण खेती कार्य में व्यस्त हो गए हैं।

वैक्सीनेशन के लिए लोगों को समझाया जा रहा है

डौंडी क्षेत्र के जिन गांवों में मनरेगा काम चल रहा है, वहां मजदूरों को वैक्सीनेशन के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। मनरेगा के अफसर लगातार निर्देशित कर रहे हैं कि ग्रामीणों को वैक्सीनेशन के लिए प्रेरित करें, ताकि कोरोना संक्रमण से बचाव के साथ मनरेगा का कार्य हो सके। कोरोना की दूसरी लहर में संक्रमण के चलते कुछ पंचायतों में काम भी बंद करने पड़ गए थे। इसके चलते ग्रामीणों को मजदूरी के लिए इंतजार करना पड़ गया। खेती कार्य समाप्त होने के बाद काम की गति बढ़ाई जाएगी।

Posted By: Nai Dunia News Network

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

NaiDunia Local
NaiDunia Local
 
Show More Tags