भिलाई। रिसाली निगम में आठ नामांकित पार्षद नियम विरुद्ध जाकर नियुक्त कर दिए गए थे। इन्हें बकायदा 7 हजार 500 रुपये मानदेय भी दिया जा रहा था। दस महीने में प्रत्येक पार्षदों को 75 हजार रुपये मानदेय दिया जा चुका है। यानी आठों नामांकित पार्षदों को छह लाख रुपये।

इसका पर्दाफाश तब हुआ जब भिलाई निगम प्रशासन ने नगरीय प्रशासन विकास विभाग को पत्र लिखकर मार्गदर्शन मांगा। उसके बाद शासन ने भिलाई निगम व रिसाली निगम के नामांकित पार्षदों का मनोनयन शून्य कर दिया, अब अहम सवाल यह है कि रिसाली निगम के इन आठ नामांकित पार्षदों को दिए गए छह लाख रुपये की वसूली कैसे होगी। रिसाली निगम आयुक्त प्रकाश कुमार सर्वे कहते हैं कि शासन से जो दिशा निर्देश मिलेगा उसका पालन किया जाएगा।

बता दें कि 26 दिसंबर 2019 को रिसाली निगम का गठन किया गया था। उसके बाद से यह महापौर व पार्षदों का चुनाव नहीं हुआ है। उससे पहले ही सितंबर 2020 में शासन द्वारा आठ नामांकित पार्षद नियुक्त कर दिए गए।

दस महीने बाद राज्य शासन ने नामांकित पार्षदों की नियुक्ति को छत्तीसगढ़ नगर निगम अधिनियम 1956 की धारा 20 (4) के विरुद्ध माना। इस नियम अधिनियम में स्पष्ट उल्लेखित है कि जब तक किसी निकाय में निर्वाचित परिषद का गठन नहीं हो जाता तब तक नामांकित पार्षदों की मनोनयन नहीं किया जा सकता।

इस नियम अधिनियम के विरुद्ध जाकर राज्य शासन ने रिसाली निगम के लिए आठ नामांकित पार्षद मनोनित किए गए थे। 17 जुलाई 2021 को इन नामांकित पार्षदों की नियुक्ति को शून्य किया गया। दस महीने में नामांकित पार्षदों को साढ़े सात हजार रुपये महीना मानदेय मिलता रहा।

भिलाई निगम के लिए अक्टूबर 2019 में नौ नामांकित पार्षदों का मनोनयन किया गया था। 21 जनवरी 2021 को भिलाई निगम की निर्वाचित परिषद का कार्यकाल समाप्त हो गया। मार्च 2021 में भिलाई निगम प्रशासन ने नगरीय प्रशासन विकास विभाग को पत्र लिखकर नामांकित पार्षदों के बारे में मार्गदर्शन मांगा। तब यह बात निकलकर सामने आई कि निर्वाचित परिषद के गठन के बिना नामांकित पार्षदों की नियुक्ति नहीं की जा सकती। तब से भिलाई निगम ने नामांकित पार्षदों का मानदेय बंद कर दिया था, पर रिसाली निगम प्रशासन के पास इसकी जानकारी 17 जुलाई 2021 को पत्र के माध्यम से पहुंची।

नियुक्ति राज्य शासन ने की थी। इसलिए मानदेय दिया जा रहा था। शासन से पत्र मिलते ही मानदेय बंद कर दिया गया। छह लाख रुपये की वसूली के लिए राज्य शासन से जो दिशा निर्देश मिलेगा उसका पालन किया जाएगा।

प्रकाश कुमार सर्वे, आयुक्त रिसाली निगम

नगर निगम रिसाली

Posted By: Nai Dunia News Network

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