बिलासपुर । समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी नहीं होने से परेशान अन्न्दाता किसानों ने बुधवार को फांसी का फंदा लेकर कलेक्टोरेट पहुंचे। नाराज किसानों ने राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए कलेक्टोरेट परिसर में पुलिस बल की तैनाती भी कर दी गई थी। नारेबाजी के बाद किसानों ने मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को पत्र सौंपा। जिन किसानों को टोकन जारी कर दिया है उनके धान की खरीदी की व्यवस्था करने की मांग की है। धान न खरीदने के एवज में इच्छा मृत्यु भी किसानों ने मांगी है।

दोपहर तीन बजे के करीब तखतपुर ब्लॉक के ग्राम लाखासार व आसपास के गांव के किसान कलेक्टोरेट पहुंचे। किसानों के साथ महिलाएं भी थीं। इनके हाथों में फांसी का फंदा भी था। कलेक्टोरेट मेनगेट के सामने पहंुचने के बाद किसान फांसी का फंदा लहराने लगे और राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करने लगे।

टोकन जारी करने के बाद भी धान नहीं खरीदने से किसानों का गुस्सा फूट पड़ा है। किसानों की नाराजगी का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जिला सहकारी केंद्रीय बैंक और राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे थे। किसानों के चेहरे पर गुस्सा साफ झलक रहा था। बिना स्र्के तकरीबन 30 मिनट तक किसान अपनी आवाज बुलंद करते रहे।

महिलाओं ने भी साथ दिया। खास बात ये कि नारेबाजी के बीच महिलाएं फांसी का फंदा लहरा रहीं थीं। किसानों ने आरोप लगाया कि खरीदी केंद्र के प्रभारी का रवैया शुस्र्आत से ही किसान विरोधी नजर आ रहा था। बड़े किसानों का धान खरीदने के बाद सीमांत व लघु किसानों को लगातार चक्कर कटवा रहे थे। टोकन जारी करने के बाद भी धान नहीं खरीदा गया। जब भी वे टोकन लेकर खरीदी केंद्र धान बेच गए उनके द्वारा रटा रटाया जवाब दिया जाता था कि बारदाना नहीं है। बारदाना की कमी का बहाना बनाकर धान की खरीदी ही नहीं की गई।

Posted By: Sandeep Chourey