बिलासपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

पुलिस की कार्रवाई के बाद भी शहर के हुक्का बार पर लगाम नहीं लग पाई है। ऐसे में अब कोटपा एक्ट के तहत मामला दर्ज करने का निर्णय लिया गया है। इसके तहत कार्रवाई के लिए शहर में संचालित हुक्का बार की कुंडली तैयार की जा रही है।

शहर में धीरे-धीरे हुक्का बार की संख्या बढ़ती जा रही है। लोग होटल का लाइसेंस लेकर चोरी छिपे हुक्का परोस रहे हैं। जहां युवा वर्ग नशे की लत में फंसकर असामाजिक गतिविधि को अंजाम देते हैं। ऐसे हुक्का बार पर लगाम लगाने के लिए कुछ महीने पहले जिला प्रशासन के निर्देश पर पुलिस ने छापा मारा था। लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई। धीरे-धीरे हुक्का बार फिर से खुल गए हैं। मौजूदा स्थिति में इनकी संख्या फिर से बढ़ने लगी है। वहीं अब शासन ने कोटपा एक्ट 2003 के तहत इन पर नियंत्रण लगाने का फैसला लिया है। इस कानून के तहत सार्वजनिक जगह पर धूम्रपान करना मना है। इसके दायरे में होटल, बार आदि भी आते हैं। शासन ने स्वास्थ्य विभाग की टीम को पुलिस के सहयोग से छापामार कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसके लिए स्थानीय स्तर पर टीम को तैयार किया जा रहा है, जो जल्द ही हुक्का बार पर कार्रवाई करेगी।

क्या है कोटपा एक्ट

कोटपा एक्ट 2003 के तहत किसी भी सार्वजनिक स्थान में धूम्रपान या तंबाकू से बने उत्पाद को नहीं बेचा जा सकता है। धूम्रपान करने वाले और बेचने वाले दोनों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है। इसकी कुछ गाइडलाइन भी बनाई गई है। नियमों का पालन नहीं करने पर कोटपा एक्ट के तहत कार्रवाई की जाती है।

हुक्का बार के खिलाफ कोटपा एक्ट के तहत कार्रवाई के लिए विशेष टीम बनाई जा रही है। शहर में संचालित होने वाले हुक्का बार का पता लगाया जा रहा है।

डॉ. प्रमोद महाजन

सीएमएचओ

Posted By: Nai Dunia News Network