बिलासपुर(नईदुनिया प्रतिनिधि)। एक दिसंबर से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की शुरुआत हो रही है। इसके लिए जिले में 125 केंद्र बनाए गए हैं। जिला विपणन विभाग के पास 91 लाख बारदाने उपलब्ध हैं। मांग के अनुसार केंद्रों में इसका वितरण किया जाएगा। किसान तीन हिस्सों में धान की बिक्री कर सकेंगे। पूर्व वर्षों की तरह इस बार भी लघु और सीमांत किसानों को प्राथमिकता दी जाएगी। वहीं समितियों की क्षमता के अनुरूप टोकन काटे जाएंगे। एक किसान को धान खरीदी के लिए तीन टोकन दिया जाएगा। खरीदी को लेकर अधिकारियों ने अपनी तैयारी पूरी कर ली है।

जिले में पिछले साल के मुकाबले इस बार पंजीकृत किसानों की संख्या बढ़ गई है। करीब डेढ़ लाख किसान इस बार समर्थन मूल्य पर धान बेचेंगे। इसके लिए जिले में बीते एक माह से तैयारी चल रही थी। खरीदी केंद्रों में बिजली व्यवस्था के साथ ही चबूतरों का निर्माण पूरा कर लिया गया है। इसके साथ ही बारिश से बचाव के लिए तारपोलिन की भी खरीदी हो गई है। बारदाने की व्यवस्था में जिला विपणन कार्यालय जुटा हुआ है।

जिला विपणन कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार वर्तमान में 91 लाख बारदाने उपलब्ध हैं। हालांकि एक करोड़ 25 लाख बारदाने खरीदी के लिए लगेंग। जिला विपणन विभाग के अनुसार कोर पीडीएस से साढ़े चार हजार गठान बारदाने मिले हैं। एक गठान में पांच सौ बारदाने होते हैं। आवश्यकतानुसार सभी खरीदी को इसका वितरण किया जा रहा है। शुरुआत में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी, लेकिन बीच में बारदाने की कमी हो सकती है।

दाम भी तय

इस बार धान खरीदी की दर में वृद्धि हुई है। पिछले साल मोटा धान 1,868 रुपये और पतला धान 1,868 रुपए प्रति क्विंटल था। इस वर्ष मोटा धान 1,940 रुपये और पतला धान 1,960 रुपये क्विंटल की दर से खरीदा जाएगा ।

केंद्रों में साबून-पानी की व्यवस्था, मास्क भी जरूरी

धान खरीदी केंद्रों में कोरोना गाइड लाइन का पालन करना जरूरी है। शासन ने इस संबंध में जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। इसके अनुसार खरीदी केंद्रों में हाथ धोने के लिए पानी और साबून की व्यवस्था रहेगी। साथ ही किसानों को मास्क लगाना भी अनिवार्य है।

मैसेज के जरिए देंगे सूचना

खरीदी केंद्रों में भीड़ कम करने के लिए समितियों को खास सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। धान तौलाई के समय शारीरिक दूरी का पालन करना होगा। साथ ही जिस दिन किसानों के टोकन की बारी आएगी उस दिन उनके मोबाइल नंबर पर मैसेज भेजा जाएगा। इससे अनावश्यक भीड़ कम होगी।

इन्होंने कहा

एक दिसंबर से 31 जनवरी 2022 तक सभी उपार्जन केंद्रों में खरीदी की शुरुआत हो जाएगी। इसकी तैयारी भी पूरी हो गई है। वर्तमान में विभाग के पास 91 लाख बारदाने हैं। पूरी खरीदी के लिए एक करोड़ 25 लाख बारदानों की आवश्यकता होती है।

उपेंद्र कुमार

जिला विपणन अधिकारी

Posted By: anil.kurrey

NaiDunia Local
NaiDunia Local