बिलासपुर(नईदुनिया प्रतिनिधि)। कोच्चुवेली से कोरबा जा रही एक्सप्रेस ट्रेन शुक्रवार की रात बीच रास्ते में खड़ी रही। इस ट्रेन की पेंट्रीकार के बाद के पांच कोच में अचानक धुआं उठने लगा था। जब कोच में धुआं भरा तो यात्रियों के बीच खलबली मच गई। ट्रेन को निपनिया में रोककर जांच की गई। हालांकि तब स्थिति सामान्य हो चुकी थी। लिहाजा ट्रेन रवाना कर दी गई।

घटना रात 12:30 बजे के करीब की है। यह ट्रेन निर्धारित समय पर चल रही थी। ट्रेन रायपुर से रवाना होकर बिलासपुर की ओर आ रही थी। तभी भाटापारा रेलवे स्टेशन पार होने के बाद अचानक पेंट्रीकार से लगी पांच बोगियों में तेज धुआं उठने लगा। देखते ही देखते पांचों कोच में धुआं भर गया। यात्री डर गए और एक से दूसरे कोच की ओर भागने लगी। तब तक ट्रेन निपनिया रेलवे स्टेशन पहुंच चुकी थी। यहां ट्रेन को रोका गया। इसके बाद जांच की गई।

हालांकि पहले यह माना जा रहा था कि धुआं पेंट्रीकार से उठा है। जबकि पेंट्रीकार के कर्मचारी समझ रहे थे कि कोच से धुआं आ रहा है। तभी पेंट्रीकार का मैनेजर कोच में पहुंच गया। चूंकि धुआं उठने की यह घटना चलती ट्रेन में हुई है। इसलिए यात्रियों में दहशत था। हड़कंप की स्थिति भी थी। हालांकि बाद में ट्रेन को निपनिया स्टेशन में रोका गया। यहां जांच की गई। धुआं सामान्य हो चुका था और कहीं आग या चिंगारी निकलने जैसे घटना नहीं हुई थी। लिहाजा उस स्थिति में ट्रेन को गंतव्य के लिए रवाना कर दिया गया।

कोचिंग डिपो में पटरी से उतरी दो बोगियां

कोचिंग डिपो में शनिवार की शाम शंटिंग के दौरान दो बोगियां पटरी से उतर गईं। घटना डिपो के अंदर होने के कारण ट्रेनों का परिचालन तो प्रभावित नहीं हुआ, लेकिन डिपो का काम ठप रहा। सूचना मिलते ही इंजीनियरिंग विभाग का अमला मौके पर पहुंचा और बोगियों को पटरी पर चढ़ाने का काम शुरू किया। करीब ढाई से तीन घंटे की मशक्कत के बाद बोगियां पटरी पर आ गई। इसके बाद ही कामकाम सुचारू हो सका। हालांकि रेलवे में इस तरह की घटना को बेहद गंभीरता से लिया जाता है। यही वजह है की तत्काल पड़ताल भी शुरू कर दी गई। प्रथम दृष्टिया पाइंट के कारण घटना होने की बात सामने आ रही है।

Posted By: Abrak Akrosh

NaiDunia Local
NaiDunia Local
  • Font Size
  • Close