बिलासपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

स्वाइप मशीन से भुगतान करने वाले रेल यात्रियों को अब टिकट कैंसिल कराने पर रिफंड के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा। रेलवे ने रिफंड की प्रक्रिया को सरल कर दिया है। इसके तहत स्वाइप मशीन वाले सभी काउंटर में एच टू एच सॉफ्टवेयर स्टाल किया गया है। इससे टिकट कैंसिल कराने पर तत्काल अकाउंट में रिफंड आ जाएगा। इसका मैसेज भी मोबाइल पर मिलेगा। पहले इसके लिए सप्ताह और कई बार महीनों इंतजार करना पड़ता था।

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे भी कैशलेस को बढ़ा दे रही है। यात्रियों को डेबिड कार्ड से पीओएस मशीन में भुगतान करने की सुविधा दी जा रही है। यह व्यवस्था जोन के लगभग सभी यूटीएस व पीआरएस में है। शुरुआती दिनों में लोगों में इसे लेकर खास रुचि भी दिखी। बाद में यह सुविधा लोगों के लिए सिरदर्द बन गई। दरअसल जब कोई टिकट कैंसिल कराता था, उसे रिफंड भी सीधे एकाउंट में जमा करने की बात कही जाती थी। लेकिन रिफंड आने में कई दिनों तक इंतजार करना पड़ता था। जोन व मंडल कार्यालय में इसकी कई शिकायतें आईं। इसे देखते हुए रेलवे ने रिफंड तत्काल यात्रियों के एकाउंट में जमा करने की व्यवस्था पर ध्यान दिया। इसके लिए बैंक प्रबंधन को पत्राचार भी किया गया। काफी जद्दोजहद के बाद एच टू एच सॉफ्टवेयर के रूप में इस समस्या का समाधान ढूंढा गया। सभी मशीनों में इस सॉफ्टवेयर का एकीकरण किया गया। रेलवे का दावा है कि इस व्यवस्था से यात्रियों के रिफंड की प्रक्रिया न केवल सरल हुई है, बल्कि तत्काल रिफंड का मैसेज भी यात्रियों को मिल जाता है। इसी बेहतर रिस्पांस का नतीजा है कि दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में भारतीय स्टेट बैंक के द्वारा यह सुविधा जल्द ही अन्य सभी स्टेशनों में मुहैया कराने का निर्णय लिया गया है।

अभी 43 मशीनों में यह सुविधा

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे द्वारा यह सुविधा अभी 43 मशीनों में उपलब्ध कराई गई है। इन सभी में सॉफ्टवेयर स्टाल कर दिया गया है। इनमें बिलासपुर रेल मंडल में 18 व रायपुर की 25 मशीनें शामिल हैं। यह व्यवस्था 25 नवंबर से लागू हुई है।

जोन में हैं 195 मशीनें

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में भारतीय स्टेट बैंक द्वारा यह सुविधा जल्द ही अन्य सभी स्टेशनों में उपलब्ध कराई जाएगी। वर्तमान में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में 195 मशीनें हैं। इनमें बिलासपुर रेल मंडल में 80, रायपुर में 43 व नागपुर रेल मंडल में 72 शामिल हैं। सॉफ्टवेयर स्टाल होते ही इन मशीनों में तत्काल रिफंड और मैसेज की सुविधा शुरू हो जाएगी।

ये भी फायदे

0 पीएनआर जारी होते ही रेल यात्रियों को यात्रा विवरण के साथ डेबिट की गई राशि की जानकारी एसएमएस द्वारा तत्काल प्राप्त होगी।

0 इलेक्ट्रानिक पीओएस रिफंड की शिकायत और लेनदेन का समय भी कम होगा।

0 समय की बचत होगी और आरक्षण/ बुकिंग क्लर्क की ओर से होने वाली गलतियों को रोकने में सहायता मिलेगी।

Posted By: Nai Dunia News Network