धमतरी। खाद की कालाबाजारी, अमानक खाद बिक्री पर कार्रवाई और खराब बीज पर नजर रखने खरीफ खेती-किसानी शुरू होने से पहले इस साल 12 उर्वरक निरीक्षकों की टीम निजी कृषि केन्द्रों, सहकारी समितियों पर निरीक्षण कर पड़ताल कर रही है। दो जगहों से लिए खाद के सैंपल अमानक मिले, तो तत्काल उनके बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया है। वहीं खाद खरीदने वाले किसानों का पीओएस मशीन से एंट्री नहीं करने वाले कई समितियों और निजी कृषि केन्द्रों को नोटिस जारी किया गया है। विभाग के इस कार्रवाई से निजी कृषि केन्द्रों और सहकारी समितियों में हड़कंप मच गया है।

जून माह के दूसरे सप्ताह से अंचल में खरीफ खेती-किसानी की शुरूआत हो गई है। किसान सहकारी समितियों से खाद, बीज का उठाव कर रहे हैं, वहीं निजी कृषि केन्द्रों में भी बिक्री के लिए व्यवसायी खाद का स्टाक कर बिक्री शुरू कर दिया है। इस साल कृषि विभाग शासन के आदेशानुसार खाद की कालाबाजारी रोकने, अमानक खाद व खराब बीज पर कार्रवाई करने 12 उर्वरक निरीक्षकों की जांच टीम बनाई है, जो क्षेत्र में लगातार निरीक्षण कर निगरानी रखे हुए है। कृषि उपसंचालक जीएस कौशल ने बताया कि कुरूद ब्लाक के ग्राम परसवानी में संचालित प्रयंक कृषि केन्द्र में उर्वरक निरीक्षकों ने पिछले दिनों 20-20-10 एनपीके खाद का सैंपल जांच के लिए लिया था। सैंपल को रायपुर भेजा गया था, जहां से रिपोर्ट में अमानक मिला है। रिपोर्ट मिलते ही कृषि विभाग ने इस दुकान पर रखे अमानक खाद की बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया है। वहीं खाद संग्रहण केन्द्र भखारा में भी उर्वरक निरीक्षकों की टीम ने भंडारित सिंगल सुपर फास्फेट का सैंपल लेकर जांच के लिए रायपुर भेजा था, जो अमानक मिले हैं। यहां भंडारित खाद की बिक्री पर कृषि विभाग ने प्रतिबंध लगा दिया है।

समितियों व कृषि केन्द्र संचालकों को नोटिस

कृषि उपसंचालक जीएस कौशल ने बताया कि खाद की कालाबाजारी रोकने खाद बिक्री के बाद शाखा प्रबंधकों व कृषि केन्द्र संचालकों को पीओएस मशीन पर किसानों का अंगूठा लगाना अनिवार्य है। क्योंकि आनलाइन किसानों का आधार जुड़ा हुआ है। ऐसे में पता चलेगा कि किस किसान को भंडारित खाद कितना बेचा गया और समितियों के पास कितना स्टाक शेष है, लेकिन कुछ समिति प्रबंधक व कृषि केन्द्र संचालक इस नियम का पालन नहीं कर रहे हैं और किसानों को खाद बिक्री के बाद पीओएस मशीन पर एंट्री नहीं किया जा रहा है।

ऐसे लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई जारी है। 12 उर्वरक निरीक्षकों ने जिले के भखारा डबल लाक एवं प्राथिमक सहकारी समिति भखारा, कोसमर्रा व सेमरा में निरीक्षण किया, यहां एंट्री नहीं होना पाया गया है। वहीं निजी कृषि केन्द्र लक्ष्‌मी ट्रेडर्स भखारा, रागिनी ट्रेडर्स सिलीडीह में भी नियमों का पालन नहीं किया गया है, इसलिए इन दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस जारी कर लाइसेंस निलंबन की कार्रवाई की गई है। यह कार्रवाई किसानों को उर्वरकों की आपूर्ति एवं उनकी गुणवत्ता से संबंधित सुधार के लिए किया जा रहा है।

Posted By: Nai Dunia News Network

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

NaiDunia Local
NaiDunia Local
 
Show More Tags