दुर्ग (ब्यूरो)। भारत सरकार सामाजिक न्याय अधिकारिता मंत्रालय निःशक्तता अनुभाग द्वारा 40 प्रतिशत से अधिक की निःशक्तता से ग्रसित विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति प्रदान किया जाएगा। यह छात्रवृत्ति हाई स्कूल हायर सेकेण्डरी स्कूल एवं महाविद्यालय स्तर पर अध्ययनरत्‌ विद्यार्थियों को दिया जाएगा।

निःशक्त बच्चों की उच्च शिक्षा के लिए पालकों की आर्थिक कठिनाई को ध्यान में रखते हुए निःशक्त बच्चों को उच्च शिक्षा के लिए प्रेरित करने और उनके कौशल उन्नयन के उद्देश्य से छात्रवृत्ति योजना प्रारंभ की गई है। योजना के तहत कक्षा नवमी, दसवीं, ग्यारहवीं, बारहवीं और स्नातक स्तर की कक्षायें, डिप्लोमा और डिग्री के नियमित निःशक्त विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी। यह छात्रवृत्ति सीधे विद्यार्थी के बैंक खाते में जमा किया जाएगा। छात्रवृत्ति के लिए एक पालक के दो निःशक्त बच्चे पात्र होंगे। यदि द्वितीय बच्चे के रूप में जुड़वा निःशक्त बच्चें हो तो वे भी योजना का लाभ प्राप्त कर सकेंगे। एक कक्षा के लिए एक बार ही छात्रवृत्ति की पात्रता होगी। पत्राचार माध्यम से पढ़ाई कर रहे निःशक्त विद्यार्थी भी योजना के लिए पात्र होंगे।

निःशक्त उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति प्राप्त करने के लिए प्री-मेट्रिक छात्रवृत्ति के उम्मीदवार के पालक की वार्षिक आय दो लाख रूपए और पोस्ट मेट्रिक छात्रवृत्ति के लिए पालक की आय ढाई लाख रूपए प्रतिवर्ष होनी चाहिए। इस छात्रवृत्ति योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए अपने निकट के हाई स्कूल-हायर सेकेण्डरी स्कूल-महाविद्यालय के प्राचार्य, खण्ड शिक्षा अधिकारी, सहायक आयुक्त आदिवासी विकास, जिला शिक्षा अधिकारी या उनके कार्यालय से संपर्क किया जा सकता है।

सभी वर्ग के लिए छात्रवृत्ति की अलग-अलग

प्री-मेट्रिक छात्रवृत्ति के उम्मीदवारों को घर से शाला आने की स्थिति में 350 रुपए दस माह तक दिया जाएगा। किताबों के लिए 750 रुपए प्रतिवर्ष दिया जाएगा। छात्रावास में निवास करने वाले बच्चों को 600 रुपए की दर से दस माह छात्रवृत्ति दी जाएगी। किताबों के लिए एक हजार रुपए प्रतिवर्ष दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त नेत्रहीन बच्चों और अन्य निःशक्त बच्चों के लिए रीडर एलाउंस, परिवहन व्यय, देख-रेख हेतु व्यय, सहायक हेतु व्यय और कोचिंग हेतु व्यय आवश्यकतानुसार दिए जाएंगे। पोस्ट-मेट्रिक छात्रवृत्ति के तहत छात्रावास में निवास करने वाले विद्यार्थियों को 1200 रुपए प्रतिमाह और घर से आने वाले विद्यार्थी को 550 रुपए दस माह तक दिए जाएंगे। इसके अलावा आवश्यकतानुसार देख-रेख, सहायक एवं कोचिंग के लिए प्रतिमाह अलग से राशि दी जाएगी।

---

Posted By:

NaiDunia Local
NaiDunia Local