जगदलपुर। सांसद दीपक बैज ने कहा है कि कांग्रेस सत्य अहिंसा के रास्ते पर चलने वाली पार्टी है। उचित मांगों के लिए सत्याग्रह करने पर पार्टी का विश्वास रहा है। इसका मतलब यह भी नहीं है सत्याग्रह को अस्वीकार करने पर कांग्रेस रेल रोकने का साहस नहीं कर सकती। इतिहास गवाह है कि बस्तर में रेल मांगों को लेकर बस्तरवासियों के साथ मिलकर कांग्रेस ने रेल रोकने से भी परहेज नहीं किया है।

रेल प्रशासन यदि बस्तर की रेल मांगों को लेकर तत्परता से कार्रवाई नहीं करेगा तो रेल रोकने से भी हम नहीं हिचकेंगे। सांसद बैज ने यह बातें मंगलवार को स्टेशन के बाहर आयोजित सत्याग्रह (धरना) को संबोधित करते हुए कही। सत्याग्रह सांसद के नेतृत्व में किया गया था। दोपहर बारह बजे से शाम तीन बजे तक चले सत्याग्रह में छत्तीसगढ़ हस्तशिल्प विकास बोर्ड के अध्यक्ष व विधायक नारायणपुर चंदन कश्यप, शहर जिला कांग्रेस के अध्यक्ष राजीव शर्मा, प्रदेश महामंत्री यशवर्धन राव, ग्रामीण जिला अध्यक्ष बलराम मौर्य, पूर्व जिला अध्यक्ष उमाशंकर शुक्ल व मनोहर लूनिया, निगम सभापति कविता साहू, युकां प्रदेश महासचिव सुशील मौर्य, कांग्रेस के विभिन्ना प्रकोष्ठों के पदाधिकारी, पार्षदगण व शहर व ग्रामीण क्षेत्रों से पहुंचे पार्टी के पदाधिकारी कार्यकर्ता तथा विशेष रूप बस्तर चेंबर आफ कामर्स एंड इंडस्ट्रीज, जिला बार एसोसिएशन, बस्तर परिवहन संघ, आटो संघ आदि विभिन्ना संघ संगठनों के प्रतिनिधियों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया।

सत्याग्रह का आयोजन हावड़ा-जगदलपुर समलेश्वरी एक्सप्रेस का संचालन शुरू करने, विशाखापटनम-किरंदुल नाइट एक्सप्रेस को दैनिक यात्री ट्रेन के रूप में संचालित करने, तीन साल से बंद दुर्ग-जगदलपुर एक्सप्रेस को दोबारा शुरू करने तथा रावघाट-जगदलपुर रेललाइन का निर्माण शीघ्र शुरू करने की मांग को लेकर किया गया था। सत्याग्रह के बाद रेल मंत्री के नाम पर संबोधित ज्ञापन स्टेशन मैनेजर एसएस चंद्रा को सौंपा गया।

सत्याग्रह सभा को संबोधित करते हुए दीपक बैज ने कहा कि उनके द्वारा लगातार संसद में बस्तर की आवाज उठाई जा रही है। रेल मांगों को लेकर भी वह संसद में बस्तरवासियों आवाज बुलंद करते रहे हैं लेकिन केंद्र की वर्तमान सरकार मांगों को अनसुनी कर बस्तर के साथ छल कर रही है। केंद्र सरकार का यह रवैया ठीक नहीं है। रेल मांगों को मनवाने के लिए यदि उग्र आंदोलन (रेल रोको आंदोलन) करने की जरूरत पड़ी तो ऐसा करने से भी हम हिचकेंगे नहीं।

राजीव शर्मा ने कहा कि कांग्रेस की भी केंद्र में सरकार रही है, पर कभी क्षेत्रीय हिसाब से भेदभाव नहीं किया। बस्तर में रेल सुविधाओं के विस्तार के लिए काफी किया, वहीं भाजपा के नेतृत्व में वर्तमान केंद्र सरकार बस्तर के साथ धोखा कर रही है। उन्होंने सांसद बैज की तारीफ करते हुए कहा कि संसद में बस्तर की आवाज बनकर वे लगातार मुखर हैं लेकिन केंद्र सरकार अपनी जिद पर अड़ी है। ऐसी स्थिति में यदि आंदोलन तेज करने की जरूरत पड़ी तो कांग्रेस पीछे नहीं हटेगी। उमाशंकर शुक्ल ने कहा कि 2010 में कांग्रेस ने 50 घंटे से अधिक समय तक रेल रोको आंदोलन कर बस्तर की रेल मांगों को पूरा कराया था। आगे भी आंदोलन की राह पकड़कर ही कुछ हासिल हो सकता है।

अरकू के लिए स्पेशल ट्रेन मुंह चिढ़ा गई

धरना को कांग्रेस नेता यशवर्धन राव, बलराम मौर्य, मनोहर लूनिया, कमल झज्ज, प्रकाश अग्रवाल, जावेद खान, बस्तर चेंबर आफ कामर्स के अध्यक्ष मनीष शर्मा, पूर्व अध्यक्ष पुखराज बोथरा, बस्तर परिवहन संघ के अध्यक्ष मलकीत सिंह कोना, बार एसोसिएशन के अध्यक्ष दिनेशचंद्र जोशी आदि अनेक वक्ताओं ने संबोधित किया। युकां नेता सुशील मौर्य ने कहा कि रेल प्रशासन पड़ोसी राज्य आंध्रप्रदेश में किरंदुल-कोत्तावालसा रेललाइन स्थित पर्यटन स्थल अरकू के लिए विशाखापटनम से नई स्पेशल ट्रेन चलाने जा रहा है।

जानबूझकर रोका गया समलेश्वरी एक्सप्रेस

दूसरी ओर तीन माह से रेलवे बोर्ड द्वारा समलेश्वरी एक्सप्रेस को चलाने का आदेश जारी किए जाने के बाद भी इसे जानबूझकर रोके रखा गया है। धरना में बचेका के पूर्व अध्यक्ष संतोष जैन, किशोर पारख, कांग्रेस नेता रामशंकर राव, अनवर खान,राजेश राय, विक्रम सिंह डांगी, उदयनाथ जेम्स, कैलाश नाग, हेमू उपाध्याय, ओंकार जसवाल, सूरज कश्यप, कोमल सेना, अनुराग महतो, बलराम यादव आदि बड़ी संख्या में पार्टी नेता व कार्यकर्ता मौजूद थे।

Posted By: Nai Dunia News Network

NaiDunia Local
NaiDunia Local