कुण्डा न्यूज। नईदुनिया न्यूज

पिछले सरकार की कार्यकाल में 44 करोड़ की लागत से प्रतापपुर से फास्टरपुर तक बनी सड़क महज कुछ ही माह में दम तोड़ती नजर आ रही है। सड़क निर्माण में गुणवत्ताविहीन मटेरियल का उपयोग कर सड़क का निर्माण ठेकेदार द्वारा कराया गया है। सड़क का हाल देखकर लगता है कि सड़क निर्माण में जमकर भ्रष्टाचार हुआ है। पिछले भाजपा की सरकार में 29 किलो मीटर सड़क प्रतापपुर से फास्टरपुर तक के लिए 44 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत हुई थी। जिसका निर्माण कार्य पूर्ण हुए अभी चंद माह ही हुआ है और अभी से ही गड्डा होना प्रारंभ हो चुका है। जिसका जीता जागता उदाहरण है रापा के पास सड़क पर गड्डानुमा सड़क,जो राहगीरों के लिए जानलेवा हो सकता है। रापा के ग्रामीणों की माने तो उस जगह पर डामरीकरण के कुछ दिन बाद ही उखड़ना शुरू हो गया था। जिसे ठेकेदार द्वारा थूक पालिस कर दिया था पर हाल में हुए गड्ढे का रिपेरिंग नहीं कराया गया है। जबकि ठेके समय ठेकेदार द्वारा पांच वर्ष की निम्न प्रकार की गारंटी दी जाती है। पर अभी सड़क निर्माण कार्य महज कुछ ही माह हुआ है। उस गड्ढे को ठेकेदार द्वारा रिपेटिंग नहीं कराया गया है जो हादसे का भय बना हुआ है। छोटे वाहन और मोटर साइकिल के लिए किसी अप्रिय घटना से घटने की वजह हो सकती है।

कुण्डा में बने सीसी रोड को जेसीबी से तोड़ा

कुण्डा के मेन रोड में धापापर से वृष्टि मोटर तक बने सीसी रोड निर्माण को गुणवत्ता को दरकिनार कर निर्माण कराया जा रहा है। गुणवत्ताविहीन कार्य का शिकायत संबंधित विभाग से ग्रामीणों ने की थी। जिसे जांच टीम ने सही पाया था और 40 मीटर सीसी रोड को जेसीबी से तोड़वाया कर नए कार्य निर्माण करवाया था। वहीं 44 करोड़ की लागत की 29 किलोमीटर इस सड़क निर्माण का कार्य प्रारंभ से शिकायतों से नाता रहा। चाहे वह सीसी रोड निर्माण का हो या निकासी के लिए बने दोनों किनारे नाली का ग्रामीणों ने गुणवत्ताविहीन सड़क निर्माण का संबंधित विभाग से ठेकेदार का शिकायत कई बार किए अधिकारी जांच के लिए आए और खाना पूर्ति कर चले भी गए। लेकिन ठेकेदार के ऊपर कोई उचित कार्रवाई नहीं की गई। जिसका खामियाजा ग्रामीण भुगत रहे है और 44 करोड़ का उच्च क्वालिटी का सड़क ठेकेदार और अभियंता के मिली भगत से भ्रष्टाचार का भेंट चढ़ गया है।

इस भारी भरकम राशि से उच्च स्तर का सड़क निर्माण होना था। पर भ्रष्टाचार के चलते गुणवत्ताविहीन सड़क, नाली का निर्माण हुआ है। जो कुछ ही माह में उखड़ना व गड्डा होना प्रारंभ हो गया है और ठेकेदार रिपेरिंग करना भूल गया है। ठेकेदार के इस क ृत्य का निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई होना चाहिए।

सुमितपाल खनूजा, युवा नेता कांग्रेस

44 करोड़ की भारी भरकम राशि से निम्न स्तर का सड़क का निर्माण हुआ है। जिसमें लोकल गिट्टी, रेत मिट्टी युक्त समाग्री का उपयोग किया गया है। जिसका शिकायत निर्माणधीन कार्य के समय संबंधित विभाग से की गई थी। पर जांच टीम आई और खाना पूर्ति करके चली गई। दोषी ठेकेदार व अधिकारी पर उचित व कार्रवाई होनी चाहिए।

भूपेंद्र चंद्राकर, ग्रामीण कुण्डा

प्रतापपुर से फास्टपुर तक सड़क का निर्माण कार्य कुछ माह पहले पूर्ण हुआ है। जो खराब सामग्री से निर्माण कार्य होने के कारण सड़क अभी से खराब होने लग गया है। इसे साफ जाहिर होता की इतनी ज्यादा लागत राशि से निर्माण हुए सड़क में जमकर भ्रष्टाचार हुआ है। ठेकेदार द्वारा बनाए गए निकासी के लिए नाली में कई जगहों पर दरार पड़ गई है व हल्की बारिश के पानी से नाली जाम हो जाता है।

सुशील चंद्राकर, ब्लॉक उपाध्यक्ष सीजेसी