कोरबा, नईदुनिया प्रतिनिधि। अभी दीपावली की छुट्टियों से आकर पढ़ाई शुरू किए तीन दिन ही गुजरे थे कि एक बार फिर स्कूलों के पट बंद हो गए। दीप पर्व के बाद बुधवार को ही कक्षाएं पुनः शुरू हुई थीं और शुक्रवार से एक बार फिर छुट्टियां शुरू हो जाएंगी। दरअसल एक नवंबर को छत्तीसगढ़ स्थापना दिवस के अवसर पर शासन ने स्थानीय अवकाश घोषित किया है। उसके अगले दिन यानी शनिवार को छठ पर्व व उसके बाद रविवार की छुट्टी है। लिहाजा गुरुवार को बंद हुए स्कूलों के पट अब सीधे सोमवार को खुलेंगे और अध्ययन-अध्यापन कार्य पुनः बहाल हो सकेगा।

राज्य शासन से घोषित दीपावली की छुट्टियां तीन दिन पहले ही समाप्त हो चुकी हैं और स्कूलों में कक्षाएं भी लगाई जा रही थीं। अभी बच्चों का अध्ययन व शिक्षकों का अध्यापन रफ्तार भी नहीं पकड़ा था कि फिर से तीन दिन छुट्टियां लग गई है। दरअसल इस बार राज्य शासन ने एक नवंबर को राज्यभर में स्थानीय अवकाश घोषित किया है। छत्तीसगढ़ स्थापना दिवस के अवसर पर इस बार है पूरे राज्य में छुट्टी घोषित की गई है, जबकि बीते वर्षों में एक नवंबर पर केवल रायपुर में ही अवकाश दिया जाता रहा।

इस बार संशोधन करते हुए सरकार ने पूरे प्रदेश में सभी शासकीय कार्यालयों, स्कूल एवं महाविद्यालयों में भी अवकाश दिया है। छुट्टियों के असर से जहां एक नवंबर को स्थानीय अवकाश पर स्कूल-कॉलेज बंद रहेंगे, अगले दिन यानी शनिवार को छठ पर्व व उसके बाद रविवार का अवकाश मनाया जाएगा। सरकार ने इस बार छठ पूजा के लिए दो नवंबर को छुट्टी घोषित की है, जिसका आनंद इस बार बच्चे व बड़े सभी उठा सकेंगे।

वक्त पर की प्लानिंग तो घूम सकते हैं

इन छुट्टियों के मद्देनजर सही वक्त पर अपनी प्लानिंग जिन्होंने कर ली है, वे तीन दिन के पर्यटन का आनंद भी उठाया जा सकता है। सर्दियों के मौसम में वैसे भी लोग परिवार व दोस्तों के साथ पिकनिक या पर्यटन की प्लानिंग को तैयार रहते हैं। ऐसे में मिले इस मौके का फायदा उठाने वालों में होड़ मची हो, तो इसमें अचरज की कोई बात नहीं। खासकर तीन दिन की छोटी प्लानिंग के लिए कोरबा के सैलानी न्यू बस स्टैंड में सीधी बस या चांपा से ट्रेन पकड़कर जगन्नाथ पुरी की यात्रा पर जा सकते हैं। इसके अलावा रेल मार्ग से तीन दिन में विशाखापट्टनम का समुद्री बीच या कोलकाता भी घूमकर आया जा सकता है।

अर्धवार्षिक करीब, तेज करनी होगी तैयारी

अभी अक्टूबर में ही स्कूलों की तिमाही परीक्षाएं ली गईं थी, जिनके नतीजों के अनुसार आगे की तैयारी पर फोकस करने का समय भी आ चुका है। नवंबर के बाद बमुश्किल डेढ़ माह के अंतराल में अर्धवार्षिक परीक्षा का दौर शुरू हो जाएगा, जिसके मद्देनजर तैयारियों की गति भी तेज करने की जरूरत होगी। 18 दिसंबर से अर्धवार्षिक परीक्षाएं संभावित हैं, जबकि इन छुट्टियों के बाद एकादशी, क्रिस्मस व शीतकालीन छुट्टियां भी आना शेष हैं। इन छुट्टियों के बीच अध्ययन-अध्यापन में हो रहे नुकसान की भरपाई करने की जुगत भी करनी होगी, ताकि उसका प्रभाव वार्षिक परीक्षा के नतीजों पर न पड़े।

Posted By: Nai Dunia News Network