कोरबा । एक ट्रैक्टर कंपनी के अधिकृत डीलर पर कुछ किसानों ने ट्रैक्टर में शासन से मिलने वाली सबसिडी की राशि पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया है। किसानों का कहना है कि ट्रैक्टर खरीदी पर मिलने वाली अनुदान राशि (सबसिडी) को एजेंसी मालिक खुद डकार गया।

किसानों के पूछने पर अनुदान राशि नहीं आने की बात कह उन्हें लौटा देता। उन्होंने जब आनलाइन जानकारी निकाली, तो पता चला कि सबसिडी की राशि दो साल पहले ही डीलर के खाते में आ चुकी है। फिर भी डीलर किसानों को चक्कर कटवाता रहा है। इसकी शिकायत बीज एवं कृषि विकास निगम के अपर संचालक (कृषि अभियांत्रिकी) से की गई है।

शिकायत करने वालों का कहना है कि इस ट्रैक्टर डीलर से बडी संख्या में किसान परेशान हैं। अनेक किसानों को तो पता ही नहीं है कि उनके नाम से सबसिडी, यानी ट्रैक्टर खरीदी पर शासन की योजना के तहत मिलने वाली अनुदान की राशि डीलर को मिली है, जिसे वह हजम कर चुका है। ट्रैक्टर की अनुदान राशि संबंधित डीलर के पास आती है। पर डीलर इसे किसानों से छिपाता है।

इस डीलर ने भी यही खेल किया। जब किसान ट्रैक्टर खरीदने आता है तो उससे सबसिडी का भी फार्म भरवा लिया जाता था। पर इसकी जानकारी उसको नहीं दी जाती थी। इसके बाद मिलने वाली पूरी सबसिडी की राशि एजेंसी मालिक खुद डकार जाता था। कई किसान जो स्वयं सबसिडी के लिए आनलाइन आवेदन करते हैं, उन्हें ही सबसिडी की कुछ राशि भुगतान किया जा रहा है। उसमें भी साल भर चक्कर कटवाकर किस्तों में राशि दी जा रही है।

आनलाइन डाटा लेकर गए तो कुछ राशि दिया

जब बार-बार डीलर उन्हें उनकी अनुदान राशि के लिए नहीं आने की बात कहकर एजेंसी के चक्कर लगवाता रहा, तो थक-हारकर उन्होंने स्वयं जानकारी जुटाई। किसानों ने अनुदान राशि आ जाने की आनलाइन जानकारी निकाली और अपने हक की राशि प्राप्त करने के लिए पुनः ट्रैक्टर डीलर के पास पहुंचे तब कही जाकर उनको अनुदान राशि की कुछ रकम दी।

पर आधे से ज्यादा रकम डीलर ने हजम कर लिया। शेष रकम नहीं मिलने से नाराज होकर किसानों ने इसकी शिकायत कलेक्टर कार्यालय, कृषि उपसंचालक, बीज निगम कार्यालय कोरबा सहित मुख्यमंत्री तक की है।

ऐसा है ट्रैक्टर में अनुदान राशि का नियम

विभाग के अधिकारियों का कहना है कि ट्रैक्टर खरीदी की अनुदान राशि अब सीधे संबंधित डीलर को जाती है। किसान जब ट्रैक्टर खरीदने डीलर के पास जाता है, तो डीलर को सबसिडी की राशि काट कर शेष राशि का फाइनेंस किसान को करवाना चाहिए। मगर डीलर सबसिडी की राशि काटे बगैर पूरी राशि का फाइनेंस करवा रहे हैं, जो नियम विरुद्ध है। इस मामले में छ ग राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम कोरबा के जिला प्रबंधक हेमंत नेरकर ने बताया कि ट्रैक्टर डीलर के खिलाफ किसानों ने अनुदान राशि नहीं मिलने की लिखित में शिकायत की है। इस पर कार्रवाई संबंधी मार्गदर्शन के लिए उच्च कार्यालय रायपुर भेज दिया गया है।

बैंक स्टेटमेंट निकालें, शंका दूर हो जाएगीः डीलर

इस मामले में संबंधित ट्रैक्टर एजेंसी के डीलर का कहना है कि जिस वक्त किसानों ने ट्रैक्टर खरीदे, उसी समय अनुदान की रकम काटकर वाहन की मूल्य लिया गया। अनुदान की राशि उनके खाते में आ गई होगी, जिसकी जानकारी उन्हें अपने-अपने बैंकों से बैंक स्टेटमेंट निकलवाने पर पता चल जाएगा। डीलर ने कहा कि इस संबंध में शिकायत करने वाले किसानों से उनकी चर्चा भी हुई है, कि पहले जाकर वे बैंक स्टेटमेंट निकलवा लें, जिसके बाद उनकी सब शंकाओं का समाधान हो जाएगा।

Posted By: Nai Dunia News Network

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

 
Show More Tags