रायपुर। नईदुनिया, राज्य ब्यूरो। Chhattisgarh Assembly winter session छत्तीसगढ़ विधानसभा का शीतकालीन सत्र निर्धारित समय से चार दिन पहले सोमवार को समाप्त हो गया। नगरीय निकाय चुनाव को देखते हुए यह फैसला किया गया है। शीतकालीन सत्र के दौरान सदन की कुल छह बैठकें हुईं। विधानसभा का अगला सत्र बजट सत्र होगा, जो फरवरी के अंतिम सप्ताह में हो सकता है।

सत्र के समापन अवसर पर अध्यक्ष डॉ. चरण दास महंत ने बताया कि सत्र की छह बैठकों में कुल 30 घंटे चर्चा हुई। सत्र के दौरान कुल 1472 प्रश्नों की सूचना प्राप्त हुई थी। इसमें 788 तारांकित और 684 अतारांकित शामिल हैं। इसमें से 40 प्रशनों पर सदन में अनुपूरक प्रश्न पूछे गए। ध्यानाकर्षण की कुल 260 सूचनाएं प्राप्त हुई। इनमें से 74 स्वीकार की गई और 61 सूचनाएं शून्यकाल की प्राप्त हुई। अध्यक्ष ने बताया कि सत्र के दौरान विनियोग विेधेयक समेत कुल आठ विेधेयकों को चर्चा के बाद सदन ने पारित किया।

शहीद नंदकुमार पटेल विश्वविद्यालय के लिए संशोधन विधेयक पारित

शहीद नंद कुमार पटेल विश्वविद्यालय रायगढ़ की स्थापना के लिए सोमवार को विानसभा ने विश्वविद्यालय संशोन विेधेयक पारित कर दिया। सदन में पक्ष और विपक्ष दोनों तरफ के विधायकों ने इस प्रस्ताव का स्वागत किया। हालांकि विपक्ष के कुछ सदस्यों को जांजगीर-चांपा जिले के कॉलेजों को नए विश्वविद्यालय से जोड़े जाने पर आपत्ति थी। इसके बावजूद विेधेयक सर्वसम्मति से पारित हो गया।

इस दौरान उच्च शिक्षा मंत्री उमेश पटेल ने बताया कि विश्वविद्यालय अनुदान आयोग की गाइड लाइन के अनुसार एक विश्वविद्यालय में सौ से अधिक कॉलेज नहीं होने चाहिए, लेकिन बिलासपुर स्थित अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय में करीब 180 कॉलेज हैं। इस वजह से एक नए विश्वविद्यालय की स्थापना आवश्यक हो गई थी।

जांजगीर जिले के कॉलेजों को लेकर आपत्ति पर पटेल ने कहा कि रायगढ़ और जांजगीर एक रेल रूट पर हैं। जांजगीर के कुछ ही हिस्से ऐसे हैं जो रायगढ़ से थोड़ा दूर हैं, लेकिन बार-बार विश्वविद्यालय आने की जरूरत भी नहीं है। उन्होंने कहा कि इसके बावजूद अगर कोई दिक्कत होगी तो बैठक कर उसका समाधान निकाला जाएगा। इससे पहले अजय चंद्राकर, धर्मजीत सिंह, नारायण चंदेल और केशव चंद्रा चर्चा में शामिल हुए। उन्होंने सरकार के इस फैसले का स्वागत किया।

Posted By: Hemant Upadhyay