रायपुर। प्रदेश में मानसूनी बारिश जिस गति से हो रही है, वह औसत बारिश के नजदीक ही है। सिर्फ मैदानी जिलों रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव में बारिश के आंकड़े कम हैं। धमतरी और बस्तर, सरगुजा संभाग में आंकड़ा औसत बारिश से अधिक है।

मौसम विभाग ने मानसून शुरू होने के पूर्व मध्य भारत में 96 से 105 फीसद बारिश का पूर्वानुमान जारी किया था। आंकड़े उसके ही साथ-साथ चल रहे हैं। बहरहाल बंगाल की खाड़ी में एक चक्रवात बन रहा है जो 18-19 जुलाई को प्रभावी होगा। इसके पहले होने वाली बारिश स्थानीय सिस्टम से होगी।

गुरुवार को रायपुर के आसमान में बादलों का डेरा आया था, छाया था मगर बरसा नहीं। कुछ सेकंड के लिए ही बूंदें गिरीं और बादल उड़ गए। धूप भी खिली रही। आने वाले हफ्ते भर में कुछ ऐसा ही मौसम रहेगा।

जिला- तापमान

रायपुर- 31.2

बिलासपुर- 32.4

पेंड्रा- 30.2

अंबिकापुर- 29.1

जगदलपुर- 29.0

दुर्ग- 30.6

बढ़ गई है उमस

बारिश न होने की वजह से उमस बढ़ गई है। कूलर जो बंद हो गए थे, उनका इस्तेमाल दोबारा लोगों ने शुरू कर दिया है। एसी का तापमान भी 20-22 डिग्री के करीब रखा जा रहा है। गर्मी से राहत लगातार होने वाली बारिश से ही संभव है। 3-4 जुलाई को हुई बारिश के बाद रायपुर का पारा 23-24 डिग्री पर आ गया था, जो अभी 31 डिग्री पर है।

अंबिकापुर, जगदलपुर में ही बारिश

वर्तमान में जिन दो जिलों में लगातार बारिश हो रही है उनमें अंबिकापुर और जगदलपुर प्रमुख रूप से शामिल हैं। गुरुवार को अंबिकापुर में 10.1 और जगदलपुर में 0.8 मिमी बारिश हुई। सरगुजा, बस्तर संभाग के इन दो जिलों के अतिरिक्त इन्हीं संभागों के अन्य क्षेत्रों में हल्की बूंदाबांदी हुई है।