रायपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

सुंदर दिखने की चाह में तरह-तरह के कॉस्मेटिक का इस्तेमाल जाता है। आंखें खूबसूरत हों तो किसी भी व्यक्ति की सुंदरता और बढ़ जाती है। खूबसूरती बढ़ाने के लिए लोग इन दिनों कांटेक्ट लेंस का इस्तेमाल कर रहे हैं। न सिर्फ महिलाएं बल्कि पुरुष भी इस मामले में पीछे नहीं हैं। अब वेडिंग सीजन शुरू हो चुका है तो ड्रेस के मुताबिक कांटेक्ट लेंस की डिमांड बढ़ गई है। कुछ घंटे सुंदर दिखने की चाह लोगों के स्वास्थ्य के लिए घातक भी हो सकती है। इसके लिए चिकित्सक आगाह भी कर रहे हैं।

महिलाओं में खासी डिमांड

शहर की ब्यूटीशियन्स के अनुसार वैवाहिक सीजन के मद्देनजर रेड, मरून कलर की ड्रेस के साथ आमतौर पर हेजल ब्राउन शेड लेंस का इस्तेमाल किया जाता है। इन दिनों ड्रेस की मैचिंग के ही लेंस यूज किए जा रहे हैें। महिलाओं में इसकी खासी डिमांड है। ब्यूटीशियन अमृत कौर ने बताया कि दुल्हन के साथ-साथ उनकी सहेलियों और अन्य महिलाओं में ड्रेस की मैचिंग के कांटेक्ट लेंस लगाने का ट्रेंड है। लेंस आंखों की खूबसूरती को बढ़ाने के साथ मेकअप वाले लुक को और खूबसूरत कर देता है। हेजल ब्राउन, सिल्वर, हेजल ग्रीन, ब्लू कलर के लेंस ट्रेंडी हैं। अमृत के मुताबिक दो से तीन घंटे के लिए लेंस लगाया जाता है। बाजार में कई शेड्स में लेंस उपलब्ध हैं। आर्टिफिशियल आई लेंस का भी यूज किया जा रहा है। लेंस आंखों की हाइलाइट करते हैं और आर्टिफिशियल आई लेंस फोटो में खूबसूरत लुक देता है।

150 से लेकर 50 हजार तक के लेंस

ब्यूटीशियन के अनुसार एक लेंस को एक ही व्यक्ति इस्तेमाल करे। शहर में 150 रुपये से लेकर 50 हजार रुपये तक के लेंस हैं। लोग ऑनलाइन भी मंगा रहे हैं।

आंखों को हो सकता है नुकसान

-सस्ते और लोकल लेंस आंखों के लिए घातक हो सकते हैं। ये आंखों में जलन पैदा कर सकते हैं।

- आर्टिफिशियल या कॉस्मेटिक लेंस से आंखों की रेटिना डेमेज हो सकती है।

- कॉस्मेटिक लेंस से आंखों में छाले हो सकते हैं।

- लेंस से होने वाली इचिंग से आंखों की रोशनी भी जा सकती है।

-कलर लेंस में कैमिकल होते हैं, जिससे आंखों को नुकसान पहुंच सकता है।

- लेंस लगाते वक्त हाथ अच्छे माइल्ड हैंड वॉश से धुला हो। संक्रामक हाथ से नुकसान हो सकता है।

- मेकअप से पहले लेंस का इस्तेमाल करें। मेकअप के बाद लेंस के इस्तेमाल से आंखों में जलन हो सकती है।

- डॉक्टर की सलाह लेकर उचित लेंस का इस्तेमाल करें।

- ये न सोचें कि कुछ ही देर की बात है। कुछ ही देर में आंखों में दिक्कत आ सकती है।

लोकल लेंस से खतरा

रायपुर के नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. दिनेश मिश्रा के अनुसार बिना चिकित्सक की सलाह के लेंस का इस्तेमाल सही नही हैं। डॉक्टर जो लेंस लगाने की सलाह देते हैं, उसमें आंखों की रेटिना का पूरा मेजरमेंट होता है। लोकल लेंस कॉमन होते हैं, ये हर किसी की आंख में सही बैठे ये जरूरी नहीं होता। लेंस का इस्तेमाल मेकअप के लिए करना भी चाहते हैं तो ब्रांड का खास ध्यान रखें। सस्ते और लोकल लेंस पर भरोसा न करें। ये आंखों की रोशनी भी छीन सकते हैं।

Posted By: Nai Dunia News Network