Durga Idol Immersion In Raipur: रायपुर (नईदुनिया प्रतिनिधि)। छत्‍तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में नौ दिनों तक पंडालों में देवी प्रतिमाओं की पूजा का दौर समाप्त होने के पश्चात पंडालों से प्रतिमाओं को विसर्जित करने का सिलसिला दिनभर चला। पिछले साल कोरोना महामारी के चलते बैंड बाजा, ढोल को अनुमति नहीं थी। इस बार प्रशासन ने नियमों में ढील दी और ढोल, धमाल, डीजे, गाजे बाजे के साथ युवकों के अलावा युवतियां भी भक्तिभाव से नाचते-जयकारे लगाते शामिल हुईं।

दो दिन चलेगा विसर्जन

शुक्रवार को दशहरा पर्व की सुबह से विसर्जन शुरू हुआ। खारुन नदी के किनारे बनाए गए स्थायी कुंड के सामने श्रद्धालुओं ने विधिवत पूजा करके प्रतिमाओं को निगम कर्मियों के हवाले किया। कर्मियों ने प्रतिमाओं को क्रेन पर रखकर विसर्जित किया। अगले दो दिन तक प्रतिमाएं विसर्जित की जाएगी। प्रतिमाओं के घुलते ही लकड़ियों, साड़ी आदि मलबे को तुरंत ही निकाला गया ताकि कुंड साफ रहे और प्रतिमा विसर्जित करने में परेशानी न हो।

श्रद्धालुओं की आंखें नम

कुंड के किनारे विसर्जन के दौरान ऐसा भी नजारा दिखाई दिया कि नौ दिन तक प्रतिमा की पूजा, सेवा में लगे श्रद्धालु प्रतिमा विसर्जन के दौरान भावुक हो गए। उनकी आंखें नम हो गई। पूरे श्रद्धा भाव से प्रतिमा को तब तक निहारते रहे, जब तक प्रतिमा विसर्जित नहीं हो गई।

माता के चरणों में सिंदूर अर्पण कर एक-दूजे के गालों पर लगाया

बंगाली समाज के पांच दिवसीय दुर्गोत्सव आयोजन के अंतिम दिन काली बाड़ी में सिंदूर, हल्दी, कुमकुम पूजा में उत्साह का माहौल रहा। महिलाओं ने मां दुर्गा प्रतिमा के चरणों में सिंदूर अर्पण किया। इसके बाद एक-दूजे के गालों पर कुमकुम, लगाकर सिंदूर से मांग भरी और अखंड सुहाग की कामना की।

बंगाली काली बाड़ी समिति के अरूण भद्रा ने बताया कि बंगाली समाज की परंपरा के अनुसार महिलाओं ने माता को सिंदूर अर्पण करने की रस्म निभाई। सामाजिक एकता, सद्भावना का संदेश दिया और अगले साल पुन: घर में पधारने के लिए माता को निमंत्रण दिया। समिति द्वारा पांच दिवसीय पूजा में देवी दुर्गा, मां सरस्वती, मां काली, भगवान गणेश और कार्तिकेय की प्रतिमा की स्थापना की थी।

रात्रि में धुनोची नृत्य और महाआरती में बंगाली समाज के लोग दूर-दूर से आते थे। राजधानी के अलावा भिलाई, माना, महासमुंद, दुर्ग, राजनांदगांव से भी काफी संख्या में समाज के लोग शामिल हुए और आपस में परिचय बढ़ाया।

Posted By: Kadir Khan

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