रायपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल कार्डियक इलेक्ट्रोफिजियोलॉजिस्ट डॉ. जावेद परवेज ने अस्पताल में दो साल की वर्कशॉप में 11 मरीजों में सफलतापूर्वक इलेक्ट्रोफिजियोलॉजी स्टडी और रेडियो फ्रीक्वेंसी एब्लेशन प्रोसेस किया। डॉ. जावेद परवेज ने बताया कि ईपीएस प्लस आरएफए हृदय की रिदम (धड़कन) से पीड़ित रोगियों में दिल की धड़कन के लिए आवश्यक प्रक्रिया है। उन्होंने बताया कि दिल की विद्युत गतिविधि को मापने और अरदमिया का निदान करने के लिए परीक्षण करने की एक पद्धति है। इलेक्ट्रोफिजियोलॉजी अध्ययन और रेडियोफ्रीक्वेंसी एब्लेशन (ईपीएस प्लस आरएफए) प्रक्रिया को बहुत सुरक्षित माना जाता है। यह लोकल एनेस्थीसिया के तहत किया जाता है। प्रक्रिया पूरा होने में करीब घंटे भर लगता है और रोगियों को 24 गंटे बाद छुट्टी दे दी जाती है। रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल पहला अस्पताल है, जहां यह सुविधाएं हैं।

Posted By: Nai Dunia News Network