रायपुर। स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव मंगलवार को मेडिकल कॉलेज प्रबंधन की बैठक लेने जा रहे हैं। बैठक में इस बार डीन के साथ-साथ सभी विभागाध्यक्ष भी मौजूद होंगे। यह पहली बार है जब मंत्री सीधे विभागाध्यक्षों से बातचीत करेंगे। उनकी समस्याएं सुनेंगे, सुझाव लेंगे। इसमें कई अहम मुद्दे उठ सकते हैं।

जैसे कॉलेजों में दवाइओं की कमी, उपकरणों की सप्लाई सीजीएमएससी से समय पर न होना, वार्ड में बेड की कमी समेत कई मामले हैं। कई मशीनें बंद पड़ी हैं, उनके विशेषज्ञ नहीं है। कई मांगें भी हो सकती है।

अब मंत्री से विभागाध्यक्ष रू-ब-रू होंगे तो इसके पहले डीन डॉ. आभा सिंह भी तैयारियों में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहतीं। इसलिए उन्होंने सोमवार को सभी विभागाध्यक्षों की बैठक बुलाई है। उसमें सभी मुद्दों पर चर्चा होगी। यह तय होगा कि मंत्री के सामने क्या कुछ कहना है? क्या मांगे रखनी हैं? बैठक लेकर शुक्रवार को ही सर्कुलर जारी हो चुका है।

अहम मुद्दे ये होंगे-

- पोस्ट ग्रेजुएट छात्रों का स्टाइपेंड बढ़ रहा है तो डेमोस्ट्रेटर, असिस्टेंट प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर से लेकर प्रोफेसर का भी वेतन बढ़ना चाहिए।

- मेडिकल कॉलेजों में दवाइयों की सप्लाई समय पर नहीं हो रही है। रैबीज वैक्सीन तक नहीं है, बाहर से खरीदनी पड़ रही है। सीजीएमएससी समय पर सप्लाई नहीं करता है। मशीनों और उपकरणों की सप्लाई नहीं हो पा रही है। कॉर्डियक थोरोसिक सर्जरी, कॉर्डियोलॉजी की मशीन प्रमुख हैं।

- अस्पताल में डॉक्टर्स की सुरक्षा