रायपुर। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर को कर्सोटियम फॉर ई रिसोर्सेस इन एग्रीकल्चर (सेरा) के बेहतर उपयोग एवं उसका अधिकतम पाठकों द्वारा उपयोग किए जाने के लिए भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद, नई दिल्ली द्वारा राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

यह पुरस्कार ओडिशा कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय भुवनेश्वर में आयोजित पुस्तकालय अध्यक्षों के सम्मेलन एवं सेरा एम्बेस्टर प्रशिक्षण कार्यक्रम के अवसर पर पुस्तकालयाध्यक्ष डॉ. माधव पांण्डेय ने कुलपति डॉ. पवन अग्रवाल (ओडिशा कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय भुवनेश्वर) एवं डॉ. एके दास (उत्कल विश्वविद्यालय तथा भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद नई दिल्ली के उधाधिकारी और सेरा प्रमुख डॉ. एसके जोशी की उपस्थिति में प्राप्त किया। इस पुरस्कार हेतु भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के विभिन्ना संस्थानों एवं कृषि विश्वविद्यायों में से सर्वश्रेष्ठ उपयोग करने के लिए नेहरू पुस्तकालय को चुना गया।

छह हजार से अधिक शोध पत्रिकाएं

कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर के नेहरू पुस्तकालय में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद, नई दिल्ली द्वारा ई-संसाधनों के बेहतर उपयोग के लिए कर्सोटियम फॅार ई रिसोर्सेस इन एग्रीकल्चर (सेरा) की सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।

इनके माध्यम से छह हजार से अधिक कृषि से संबंधित देसी-विदेशी शोध पत्रिकाएं, ई-बुक, शोध ग्रंथ, रिव्यू, एडवांसेस, एब्सट्रेक्ट तथा फुलटेक्स आर्टिकल की सुविधा प्रदान की जा रही है। इस कर्सोटियम के माध्यम से देश के दो सौ से अधिक पुस्तकालयों से नेहरू पुस्तकालय जुड़ा हुआ है तथा एक-दूसरे से नॉलेज शेयरिंग कर आपस में डाक्यूमेंट डिलिवरी की जाती है।

बेहतर प्रशिक्षण दिया जाता है

गौरतलब है कि नेहरू पुस्तकालय में कई वर्षों से सेरा के माध्यम से कृषि वैज्ञानिकों, प्राध्यापकों तथा विद्यार्थियों को ई संसाधनों के बेहतर उपयोग के लिए प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिसके लिए वर्ष 2018 में भी सेरा के बेहतर उपयोग हेतु एवं कृषि कोष सर्वाधिक शोध ग्रंथों, विश्वविद्यालय प्रकाशनों का इलेक्ट्रॉनिक स्वरूप में रखने के लिए भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद, नई दिल्ली द्वारा पुरस्कृत किया गया है।

Posted By: Nai Dunia News Network