रायपुर। Raipur News : राजधानी रायपुर के कई ऐसे प्रोजेक्ट हैं, जिनका काम सालों पहले पूरा हो जाना था, लेकिन लोक निर्माण विभाग की अफसरों की लापरवाही से आधे-अधूरे ठप पड़े हुए हैं। गोगांव, गुढ़ियारी और खमतराई अंडरब्रिज का काम काम रुकने से लोग परेशान हो रहे हैं। तीन साल पहले इन अंडरब्रिज का काम पूरा हो जाना था, लेकिन ठेकेदार की मनमानी के कारण निर्माण कार्य आधा ही हो पाया है। रोज आठ घंटे में 30 बार रेलवे क्रासिंग बंद होने से लाखों लोग ट्रैफिक जाम में फंस रहे हैं।

राजधानी रायपुर से बिलासपुर को जोड़ने वाले व्यस्त खमतराई मार्ग (डीआरएम दफ्तर के पास) और गोगांव, गुढ़ियारी में रेलवे क्रासिंग के पास अंडरब्रिज का निर्माण कार्य वर्ष 2016 में लोक निर्माण विभाग ने शुरू किया था। एक साल में काम पूरा करना था, ताकि रेलवे क्रासिंग बंद होने के बाद भी लोग आसानी से अंडरब्रिज से आवाजाही कर सकें। इन रेलवे क्रासिंग पर 30 बार ट्रेन गुजरने के दौरान दस से पंद्रह मिनट तक लोगों को जाम में फंसना पड़ता है। कई लोग जाम में फंसने से बचने के लिए दूसरे रास्ते से घूमकर आते-जाते हैं।

संसाधनों का अभाव

अंडरब्रिज पर पटरी के हिस्से का काम रेलवे को और बाकी का काम लोक निर्माण विभाग को करना है। दोनों का काम अधूरा है। विभाग ने देरी के लिए ठेकेदार पर कोई कार्रवाई नहीं की है। खमतराई में प्रस्तावित फोरलेन अंडरब्रिज 38 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा है। अफसरों ने बताया कि ठेकेदार के पास संसाधनों की कमी है। बताया जा रहा है कि लखनऊ की कंपनी जीएस एक्सप्रेस ने शहर में एक साथ चार बड़े निर्माण प्रोजेक्ट हासिल किए थे।

संसाधनों के अभाव में अधिकांश प्रोजेक्ट रुके हैं या काम धीमा चल रहा है। गोगांव अंडरब्रिज की लागत 35 करोड़ रुपये है। इसे बनाने के लिए वीबी प्रोपराइटर्स इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड ने ठेका लिया है। 2017 तक निर्माण पूरा होना था, लेकिन नई सरकार बनने के बाद भी काम शुरु नहीं हो पाया। अब अफसर कोरोना के कारण काम बंद होने का हवाला दे रहे हैं।

दूसरी एजेंसी लगाई फिर भी लटका काम

गोगांव रेलवे क्रासिंग पर प्रस्तावित अंडरब्रिज का काम तीन साल लेट हो गया है। जिस कंपनी को ठेका मिला था, वह समय पर काम नहीं कर सकी तब यहां एक और एजेंसी लगाई गई, ताकि दोनों मिलकर तेजी से पूरा कर सकें। पटरी के नीचे बाक्स डालने के दौरान दोनों एजेंसियों में विवाद के कारण काम बंद कर दिया गया। अफसरों ने बताया कि पुरानी एजेंसी ने नए ठेकेदार का भुगतान रोक दिया था, इसलिए उसने काम बंद कर दिया है। काम बंद होने से इस क्रासिंग से गुजरने वाले क्षेत्र के लाखों लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।

तीन लाख लोगों को मिलेगी राहत

एक सर्वे के मुताबिक गोगांव, खमतराई रेलवे क्रासिंग से रोज करीब तीन लाख वाहनों का दबाव रहता है। इस दबाव को कम करने के लिए ही अंडरब्रिज बनाने का प्रस्ताव पूर्ववर्ती की भाजपा सरकार ने बनाया था।

Posted By: Shashank.bajpai

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस