रायपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

नवरंग काव्य मंच की ओर से वसंत के स्वागत में काव्य संध्या 'तेरे पथ का पथिक रहूंगा' का आयोजन किया गया। कार्यक्रम सिविल लाइन स्थित वृंदावन हॉल में आयोजित किया गया। इसमें प्रदेश भर के रचनाकार शामिल हुए। उन्होंने अपनी रचनाएं मां सरस्वती के चरणों में समर्पित की। वसंत पंचमी के साथ-साथ पं. सूर्यकांत त्रिपाठी निराला की जयंती भी मनाई गई।

कवियों ने मिले कहीं पर सस्ता चावल, बंटे कहीं फोकट प्याला..., पाने वालों पाकर इनको, बदल नहीं लेना पाला...., खाना हो मेहनत की खाओ पी जाओ अपनी पीड़ा, राजभवन की राह न देखो सीधे आओ मधुशाला... समेत कई कविताएं सुनाई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पद्मश्री मदन सिंह चौहान थे। उन्होंने कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि साहित्य प्रेम की तरह है। इसे जो समझ लिया, उसका जीवन सफल हो जाता है। कार्यक्रम में डॉ. चितरंजन कर, सीपी शर्मा, राजेश जैन राही, अनिल श्रीवास्तव, संजीव ठाकुर समेत बड़ी संख्या में कवि उपस्थित रहे।

Posted By: Nai Dunia News Network