रायपुर(नईदुनिया प्रतिनिधि)। हावड़ा-मुंबई रेल लाइन में मेगा ब्लाक खत्म होने से सभी रद ट्रेने पटरी पर लौट आई है।वहीं कटनी जंक्शन में रविवार को ब्लाक खत्म हो गया।सोमवार से इस रूट की ट्रेनें भी पटरी पर लौट आएगी।इससे यात्रियों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है। त्यौहारी सीजन में ट्रेनों के रद होने की वजह से हजारों यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। दिवाली के लिए अभी से ट्रेनों में बुकिंग शुरू हो चुकी है।

रेलवे ने दोनों रूट की करीब डेढ़ सौ ट्रेनों को किया था रद

रायपुर रेलवे मंडल के अधिकारियों ने बताया हावड़ा-मुंबई रेल लाइन पर चल रहे काम की वजह से लिया गया ब्लाक खत्म हो चुका है, इसलिए अब रायपुर से होकर आने-जाने वाली मुंबई, पुणे, बीकानेर, अहमदाबाद, सूरत और कोलकाता तरफ की ट्रेनों का परिचालन पहले जैसा होगा।

वहीं जिन चार ट्रेनों को रैक के अभाव में रद करना पड़ा था, वह सभी ट्रेनें दुर्ग-साउथ बिहार, आजादहिंद, हावड़ा-मुंबई की ट्रेनें चलने लगी हैं।बता दें कि रेलवे प्रशासन अचानक थोक में ट्रेनें रद कर दिया था।कर देने से पिछले पांच से छह महीने से रेल परिचालन चरमराया हुआ है।लोग महीने-दो महीने पहले से सफर करने के लिए टिकट रिजर्वेशन कराते हैं और अचानक ट्रेनें रद होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।

यात्रियों को मिली राहत

हावड़ा-मुंबई रूट की रद सभी ट्रेनें अब पटरी पर लौट आई हैं।रायगढ़-झारसुगुड़ा चौथी रेल लाइन के कनेक्टिविटी कार्य के लिए मेगा ब्लाक भी रविवार को खत्म हो गया है,इसलिए तीन अक्टूबर से सभी ट्रेनें पटरी पर लौटेगी।उम्मीद की जा रही है कि रेलवे ब्लाक से परेशान यात्रियों को दशहरा पर्व के समय कुछ राहत मिलेगी। इस बीच 21 सितंबर से लगातार रेलवे का अमला पटरी दुरूस्त करने का काम पर जुटा हुआ था।


दुर्गा पूजा पर दो तरफा ब्लाक सबसे बड़ी मुसीबत

चौथी लाइन के लिए रेलवे ने ऐसे समय में ब्लाक लिया जब नवरात्रि पर्व शुरू होने वाला था। उसी समय मुख्य हावड़ा और मुंबई रेल लाइन और कटनी जंक्शन में मेगा ब्लाक से करीब डेढ़ सौ ट्रेनें रद की गई,इसमें सारनाथ अमरकंटक को छोड़कर दुर्ग-निजामुद्दीन हमसफर, नौतनवा, बेतवा जैसी ट्रेनें रद होने से हजारों की संख्या में यात्री परेशान हुए। रेलवे अफसरों के अनुसार तीन अक्टूबर से कटनी रूट की रद ट्रेनें भी चलने लगेंगी।इससे यात्रियों को राहत होगी

Posted By: Pramod Sahu

NaiDunia Local
NaiDunia Local
  • Font Size
  • Close