अंबागढ़ चौकी। ब्लाक के तीन सहायक शिक्षकों के खिलाफ सीधे निलंबन की कार्रवाई से शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है। स्कूलों में अध्यापन व अन्य व्यवस्था का हाल देखने बीइओ एसके धीवर ने ब्लाक के आधा दर्जन से अधिक स्कूलों का निरीक्षण किया। इस दौरान ग्राम भाठापारा और सिरलगढ़ प्रायमरी स्कूल के दो सहायक शिक्षक संतोष कुमार दामले व संतोष वर्मा शराब के नशे में ड्यूटी करते पाए गए। वहीं ठेठवार लंझिया प्रायमरी स्कूल के सहायक शिक्षक मनोज कुमार टंडन बिना सूचना दिए अनुपस्थित थे। इस लापरवाही को लेकर डीइओ एचआर सोम के निर्देश पर तीनों सहायक शिक्षकों को निलंबित किया गया। इस कार्रवाई के बाद शिक्षा विभाग में हड़कंप की स्थिति है। वहीं स्कूलों में भी ऐसी लापरवाही करने वाले शिक्षक घबरा गए हैं।

बीइओ एसके धीवर और एबीइओ रूपेश तिवारी अपनी टीम को लेकर बीते दिनों ब्लाक के स्कूलों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान दोनों शिक्षक स्कूल में नशे की हालत में पाए गए। ग्रामीणों ने दोनों शिक्षकों को शराब के नशे में ही स्कूल आने की शिकायत की थी। शिक्षकों पर नशे में ड्यूटी करने के अलावा नियमित स्कूल नहीं आने और बिना सूचना के स्कूल से समय से पहले जाने की शिकायत मिली थी, जिसको लेकर बीइओ सीधे यहीं पहुंचे। जहां दोनों शिक्षक संतोष कुमार दामले और संतोष वर्मा नशे की हालत में ही मिले। शिक्षकों के नशे में होने के कारण स्कूल में बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही थी। डीईओ ने मामले की गंभीरता व सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के सामान्य नियम तीन के तहत दोषी पाए गए दोनों सहायक शिक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। निलंबन अवधि में इन शिक्षकों का कार्यालय व मुख्यालय बीईओ कार्यालय अंबागढ चौकी होगा।

ठेठवार लंझिया का सहायक शिक्षक भी निलंबित

ब्लाक के प्राथमिक शाला ठेठवार लंझिया में पदस्थ सहायक शिक्षक एलबी मनोज कुमार टंडन को भी कर्तव्य में लापरवाह पाए जाने पर डीईओ ने तत्काल प्रभाव से निलंबित किया है। शिक्षक मनोज टंडन पर भी बिना सूचना के स्कूल से अनुपस्थित रहने और काम में लापरवाही बरतने की ग्रामीणों ने शिकायत की थी। बीईओ व एबीईओ की टीम ने ठेठवार लंझिया के स्कूल का निरीक्षण कर ग्रामीणों की शिकायतों को सही पाया। बीईओ के प्रस्ताव पर डीईओ ने शिक्षक टंडन को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर उनका मुख्यालय व कार्यालय मानपुर बीईओ कार्यालय कर दिया है।

मुख्यालय में नहीं रहने वाले शिक्षकों पर भी कार्रवाई की मांग

ब्लाक में सैकडों शिक्षक ऐसे भी हैं, जो मुख्यालय में नहीं रहते हैं और समय पर शाला नहीं पहुंचते हैं। कई तो ऐसे भी हैं, जो शाला पहुंच भी गए तो बिना सूचना के समय से पहले ही चले जाते हैं। इस स्थिति में ईमानदारी से डयूटी करने वाले और अपने कर्तव्यों के प्रति सजग शिक्षक भी निष्ठापूर्वक काम नहीं करते। ब्लाक में सैकड़ों शिक्षक जिला मुख्यालय व दुर्ग-भिलाई जैसे शहरों से आना-जाना करते हैं। इनका स्कूल में आने जाने का समय निर्धारित नहीं है। ऐसे शिक्षकों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग उठने लगी है।

Posted By: Nai Dunia News Network

NaiDunia Local
NaiDunia Local