Delhi Violence: दिल्ली में हुई हिंसा ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है। नागरिकता कानून को लेकर बीते रविवार को CAA विरोधी और समर्थक आमने-सामने हुए तो देखते ही देखते नॉर्थ ईस्ट दिल्ली जल उठी थी। इस हिंसा को भड़काने में राजनीतिक दलों से जुड़े नेताओं के नाम भी सामने आ रहे हैं। इसमें एक नाम आम आदमी पार्टी के पार्षद ताहिर हुसैन का भी है, जिन पर दंगा भड़काने के साथ ही इंटेलिजेंस ब्यूरो के कॉन्स्टेबल अंकित शर्मा की हत्या के गंभीर आरोप लग रहे हैं। इस हत्या में उनकी भूमिका को संदिग्ध माना जा रहा है। हालांकि AAP नेता हुसैन ने सफाई देते हुए खुद पर लगे सभी आरोपो को नकारा है। ताहिर भले ही दिल्ली की राजनीति का जाना-माना चेहरा नहीं हैं। लेकिन नॉर्थ ईस्ट दिल्ली में शाहदरा, नेहरू नगर, चांदबाग के इलाके में ताहिर का रसूख है।

2017 में जीता था पार्षद का चुनाव

आम आदमी पार्टी से 2017 में नेहरू विहार से ताहिर हुसैन पार्षद बने हैं। ताहिर हुसैन ने चुनाव आयोग को जो जानकारी दी उसके मुताबिक उनके घर का पता नेहरू विहार करावल नगर लिखा हुआ है। नामांकन दस्तावेजों में ताहिर ने खुद को बिजनेसमैन बताया है और खुद के पास लगभग 18 करोड़ की संपत्ति की जानकारी दी है। आयोग को दी गई जानकारी में ताहिर ने अपने खिलाफ कोई भी आपराधिक मामला दर्ज न होने की बात कही है। ताहिर 8वीं पास हैं और 2017 में दी गई जानकारी के मुताबिक वे उस वक्त नेशनल ओपन स्कूल से 10वीं की पढ़ाई कर रहे थे।

ताहिर ने दी सफाई

AAP नेता ताहिर पर दंगा भड़काने और आइबी कॉन्स्टेबल की हत्या का गंभीर आरोप लगा है। हालांकि उन्होंने एक वीडियो जारी करते हुए अपनी सफाई दी है कि इन मामलों में उनकी कोई भूमिका नहीं है। ताहिर ने कहा भीड़ जबरन मेरे घर का गेट तोड़कर अंदर घुसना चाहती थी। मैं पुलिस की मदद से जान बचाकर घर से निकला। मैं एक सच्चा, अच्छा भारतीय मुसलमान हूं। मैं बच्चे की सौगंध खाकर कहता हूं कि इन सबसे मेरा कोई लेना-देना नहीं है।

घर की छत से मिलीं ईंटे, पेट्रोल बम

पुलिस जब ताहिर हुसैन के घर की छत पर पहुंची तो दंगा भड़काने वाली कई आपत्तिजनक चीजें वहां मिली। हमला करने के लिए छत पर भारी मात्रा में ईंट के टुकड़े और पत्थर जमा किए गए थे। इसके अलावा गुलेल और बड़ी संख्या में पेट्रोल बम भी पुलिस द्वारा बरामद किए गए हैं।

Posted By: Neeraj Vyas