चंडीगढ़। हरियाणा में चल रहे सियासी घमासान के बीच कांग्रेस को झटके लगने का सिलसिला जारी है। पहले पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अशोक तंवर ने पार्टी का साथ छोड़ दिया था, वहीं अब पार्टी के एक और वरिष्ठ नेता ने कांग्रेस को अलविदा कहते हुए भाजपा का दामन थाम लिया है। कांग्रेस सरकार में पूर्व मंत्री रहे जसवंत सिंह बावल ने बुधवार को कांग्रेस की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह की मौजूदगी में भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ली। पूर्व मंत्री जसवंत सिंह ने इस मौके पर कहा कि उन्होंने पार्टी नहीं बदली बल्कि घर वापसी की है। बता दें कि हरियाणा में भी 21 अक्टूबर को ही मतदान होना है।

2005 में बावल सीट से भाजपा ने दिया था टिकट

कांग्रेस से भाजपा में शामिल हुए जसवंत सिंह साल 2005 में बावल विधानसभा सीट से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ चुके हैं। उन्होंने भाजपा की सदस्यता लेने के बाद कहा कि उनका कांग्रेस में दम घुटने लगा था। पार्टी को समर्पित कार्यकर्ताओं की नहीं बल्कि अब चापलूसों की ज्यादा जरुरत हो गई थी। उन्होंने यह भी साफ किया कि इस वजह से उनके द्वारा पार्टी नहीं छोड़ी गई है क्योंकि उन्हें कांग्रेस द्वारा टिकट नहीं दिया गया। जसवंत सिंह ने कहा कि मैंने पहले ही साफ कर दिया था कि इस बार विधानसभा चुनाव नहीं लड़ूंगा।

हरियाणा में 21 अक्टूबर को है मतदान

चुनाव आयोग द्वारा तय कार्यक्रम के मुताबिक हरियाणा और महाराष्ट्र में 21 अक्टूबर को एक साथ मतदान होना है। हरियाणा की 90 विधानसभा सीटों पर घमासान जारी है। फिलहाल यहां सत्ता में भारतीय जनता पार्टी काबिज है। माना जा रहा है कि इस बार भाजपा और कांग्रेस में कड़ा मुकाबला देखने को मिल सकता है, हालांकि जिस तरह से कांग्रेस को एक के बाद एक लगातार झटके लग रहे हैं उससे आने वाले दिनों में पार्टी का सफर आसान नजर नहीं आता है।