धनु (Sagittarius)

01 Jan 2021-31 Dec 2021

पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान जयपुर के निदेशक ज्योतिषाचार्य अनीष व्यास ने बताया कि यह साल आपके करियर की दृष्टि से अधिक बेहतर रहेगा। सहकर्मियों की मदद से अच्छे फल प्राप्त होंगे। व्यापार कर रहे जातकों के लिए भी ये वर्ष अच्छा रहने वाला है। उन्हें बिज़नेस में अपार सफलता मिलेगी, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होने के संकेत हैं। इस साल आपका स्वास्थ्य मिला-जुला रहेगा, स्वास्थ्य जीवन पिछले वर्ष के अनुसार काफी बेहतर होगा। हालांकि शनि देव आपकी परीक्षा लेते हुए बीच-बीच में आपको कुछ कष्ट देते रहेंगे, लेकिन आपको कोई बड़ा रोग इस वर्ष नहीं होगा।
व्यापार के स्वामी बुध सूर्य देव के साथ मिलकर साल की शुरुआत में आपकी राशि में बेहद शुभ योग का निर्माण कर रहे हैं। जिसके कारण धनु राशि के जातकों को इस वर्ष अपने करियर में अनुकूल परिणाम मिलेंगे। ये समय व्यापारी जातकों के लिए भी शुभ रहेगा। भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास ने बताया कि खासतौर से वो जातक जो अपना व्यवसाय ऑनलाइन कर रहे हैं, उन्हें बहुत से शुभ अवसर मिलने की संभावना है। वर्ष की शुरुआत आपके लिए व्यवसाय और करियर में कुछ उतार-चढ़ाव का कारण बन सकती है। इसलिए आपको कार्यक्षेत्र में उन्नति और लाभ प्राप्ति में कुछ समस्याएं आने की आशंका है। धन और समृद्धि के स्वामी सूर्य का वर्ष की शुरुआत में आपकी ही राशि में होना, आपको धन की कमी नहीं होने देगा। इसलिए धनु राशि के जातकों के आर्थिक जीवन के लिए यह वर्ष बेहद अनुकूल रहने वाला है। कुंडली के द्वादश भाव में शुक्र और केतु की युति भी, आपकी आर्थिक स्थिति के लिए मजबूती का मुख्य कारण बनेगी। भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास ने बताया कि इससे व्यापारी और नौकरीपेशा दोनों ही जातकों को, अपार धन लाभ हो सकेगा। जनवरी, मई, जून, अगस्त, सितंबर और दिसंबर के महीने आर्थिक जीवन के दृष्टिकोण से, आपके लिए बेहद शुभ रहने वाले हैं। साथ ही धन और परिवार के दूसरे भाव में गुरु बृहस्पति और शनि की युति, आपको निरंतर धन लाभ होने में मदद करेगी।
पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान जयपुर के निदेशक ज्योतिषाचार्य अनीष व्यास ने बताया कि धनु राशि के जातकों के लिए ये वर्ष परिवार के लिहाज से ख़ासा अनुकूल परिणाम लेकर आ रहा है। इस वर्ष कुंडली के दूसरे भाव में शनि देव की उपस्थिति और उनका इस दौरान आपके चतुर्थ भाव को दृष्टि करना, आपको पैतृक संपत्ति प्राप्त होने के योग बनाएगा। दूसरे भाव में शनि का गोचर होने से आपको अपने अहंकार को अलग रखते हुए, अपनी वाणी में संयम लाने की ओर अधिक प्रयास करने होंगे। इस दौरान अपने परिवार का सहयोग करना भी, आपको पारिवारिक शांति बनाए रखने और उससे अच्छे परिणाम प्राप्त करने में मददगार सिद्ध होगा। आने वाला नया वर्ष प्रेमियों के लिए मिश्रित परिणाम लेकर आएगा। इस समय आपको अपने अच्छे प्रेम संबंध स्थापित करने के लिए, कई शुभ अवसरों की प्राप्ति होगी। हालांकि इस समय आप अत्यधिक भावुक और संवेदनशील होंगे। भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास ने बताया कि कई प्रेमी जातक फरवरी के महीने में प्रियतम संग, कुछ समय के लिए छुट्टी पर जाने का प्लान भी कर सकते हैं। इस यात्रा के दौरान आप दोनों को बातचीत से, अपने रिश्ते में आ रही हर ग़लतफहमी को हल करने में मदद मिलेगी। आपके पंचम भाव में लाल ग्रह मंगल की उपस्थिति कई प्रेमी जातकों के जीवन में विवाद की स्थिति को जन्म दे सकती है। ये वर्ष शुभ परिणाम लेकर आ रहा है। क्योंकि इस दौरान शिक्षा के स्वामी की उपस्थिति अपने स्वंय के भाव में होगी, जो इस बात की ओर इशारा करती है कि इस वर्ष आप अपनी शिक्षा में बिना किसी बाधा के सफलतापूर्वक आगे बढ़ते हुए, इच्छानुसार अंक प्राप्त कर सकेंगे। पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान जयपुर के निदेशक ज्योतिषाचार्य अनीष व्यास ने बताया कि प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए भी ये वर्ष उत्तम रहेगा। इसके साथ ही यदि आप उच्च शिक्षा प्राप्त करना चाहते हैं तो, आपके लिए जनवरी, अप्रैल से मई और फिर सितंबर का महीना सबसे अधिक अनुकूल सिद्ध होंगे। क्योंकि इस दौरान आपको हर विषय को सही तरीके से समझने में, कोई ख़ासा कठिनाई नहीं आएगी। धनु राशि के जातकों की सेहत के लिहाज से यह वर्ष बेहद अनुकूल रहेगा। बुध और सूर्य देव की युति शुरुआत में आपकी राशि के प्रथम भाव में होने से, आपको किसी भी प्रकार की कोई बड़ी समस्या नहीं होगी। जिसके कारण आप बिना किसी मानसिक तनाव के कार्यक्षेत्र पर, आराम से काम कर सकेंगे। भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास ने बताया कि यदि आप पेट और ह्रदय की किसी समस्या से पीड़ित हैं तो, इस वर्ष आपको तत्काल उपचार करने की जरूरत होगी। आपके द्वादश भाव में छाया ग्रह केतु की उपस्थिति भी आपको इस वर्ष बुख़ार, फोड़े-फुंसी, खांसी, जैसी छोटी-मोटी कुछ समस्याएं दे सकती है।

ज्योतिष उपाय
भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक अनीष व्यास ने बताया कि पीपल के वृक्ष को हर शनिवार के दिन जल अर्पित करें। बृहस्पतिवार के दिन मंदिर में जाकर केले के पेड़ की पूजा करें। हर शनिवार, सरसों के तेल और साबुत उड़द की दाल ग़रीबों और ज़रूरतमंदों को भेंट करें।

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