ट्रेन में Electric Kettle या हीटर का यूज करने पर भरना होगा इतना जुर्माना, एक्शन में रेलवे विभाग
ट्रेन में इलेक्ट्रिक केटल का इस्तेमाल करने वाली महिला का वीडियो वायरल होने के बाद रेलवे ने कार्रवाई शुरू की है। रेलवे ने स्पष्ट किया कि ऐसे उपकरणों का उपयोग प्रतिबंधित और दंडनीय है। इससे आग लगने और बिजली बाधित होने का खतरा बढ़ता है। नियम तोड़ने पर जुर्माना और जेल की सजा हो सकती है।
Publish Date: Tue, 02 Dec 2025 11:10:59 AM (IST)
Updated Date: Tue, 02 Dec 2025 11:10:59 AM (IST)
ट्रेन में इलेक्ट्रिक केतली का इस्तेमाल करना अवैध। (फाइल फोटो)HighLights
- ट्रेन में इलेक्ट्रिक केटल उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित और अवैध है।
- आग लगना और बिजली बाधित होना संभव।
- केवल मोबाइल-लैपटॉप जैसे लो-वॉट डिवाइस चार्ज करें।
लाइफस्टाइल डेस्क। पिछले दिनों सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ, जिसमें ट्रेन में सफर कर रही एक महिला इलेक्ट्रिक केटल में चाय और मैगी बनाती दिखी। वीडियो देखने के बाद कई लोगों को यह मनोरंजक लगा, लेकिन यात्रियों की सुरक्षा को लेकर कई लोगों ने नाराजगी भी जताई।
मामला बढ़ने पर रेलवे ने इसे गंभीरता से लेते हुए महिला के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। अब सवाल यह है कि क्या ट्रेन में इलेक्ट्रिक केटल या अन्य इलेक्ट्रिक सामान इस्तेमाल करना नियमों के खिलाफ है? रेलवे ने इस पर जवाब दिया है।
ट्रेन में इलेक्ट्रिक केटल इस्तेमाल करना अवैध
- सेंट्रल रेलवे की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, ट्रेन के अंदर इलेक्ट्रिक केटल, इलेक्ट्रिक हीटर या किसी भी हाई-वॉटेज वाले उपकरण का उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित है। यह न सुरक्षा के लिहाज से खतरनाक है। यह रेलवे नियमों के तहत अवैध भी माना जाता है।
- रेलवे अधिकारियों ने कहा कि इस तरह के उपकरणों के इस्तेमाल से आग लगने की आशंका, बिजली आपूर्ति बाधित होने और एसी-इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम खराब होने का खतरा बढ़ जाता है। यात्रियों से अपील की गई है कि कोई इस तरह के उपकरणों का उपयोग करता दिखाई दे, तो तुरंत रेलवे स्टाफ को सूचना दें।
क्या है सजा?
ट्रेन में केवल मोबाइल और लैपटॉप जैसे लो-वॉटेज डिवाइस को चार्ज करने की अनुमति है। इसके अलावा कोई भी इलेक्ट्रिक डिवाइस चलाते पकड़े जाने पर रेलवे एक्ट के तहत कार्रवाई की जा सकती है। रेलवे एक्ट की धारा 153 के तहत जुर्माना लगाया जा सकता है। सजा के रूप में 6 महीने तक की जेल भी हो सकती है। अगर ऐसे उपकरणों से आग लगने, बिजली बाधित होने या किसी यात्री को नुकसान पहुंचने की स्थिति बनती है, तो सजा और बढ़ाई जा सकती है।