बिलासपुर के पंजीकृत 110 मिलरों पर कसेगा शिकंजा

कस्टम मिलिंग को लेकर राज्य शासन ने जारी किया निर्देश।

Updated: | Sun, 23 Jan 2022 03:36 PM (IST)

बिलासपुर। धन खरीदी की समय सीमा बढ़ाने के साथ ही राज्य शासन ने कस्टम मिलिंग के अंतर्गत भारतीय खाद्य निगम को चावल जमा करने का लक्ष्य निर्धारित कर दिया है। प्रदेशभर के कलेक्टरों को निर्देश जारी कर कहा गया है कि प्रतिदिन 30 हजार मीट्रिक टन चावल एफसीआई में जमा करना होगा। खाद्य विभाग ने कस्टम मिलिंग के तहत चावल जमा करने के लिए जिले के 110 राइस मिलरों को पंजीकृत किया है।

जाहिर है विभाग पर इन पर दबाव बनाएगा। शासन के निर्देश के मद्देनजर खाद्य विभाग ने राइस मिलरों से कोटे के अनुसार मिलिंग को लेकर समीक्षा शुरू कर दी है। सात फरवरी तक होने वाली खरीदी को लेकर शासन ने उन किसानों की सुविधा का ध्यान रखने कहा है जिन्होंने धान नहीं बेच है।

टोकन जारी करने और तय तिथि में धान खरीदने की हिदायत दी है। समितियों की निगरानी करने भी कहा गया। खरीदी, टोकन,मिलिंग के अलावा उठाव को लेकर भी कड़ाई बरतना शुरू कर दिया है। इसके लिए प्रदेशभर की समितियों को 15 अप्रेल का टारगेट तय किया है। जिला प्रशासन के अलावा जिला सहकारी केंद्रीय बैंक और मातकफेड के अफसरों को मॉनिटरिंग भी करनी होगी।

इन पर रहेगी निगरानी

सीमावर्ती जिलों में धान के अवैध परिवहन पर रोक लगाने के लिए कड़ी चौकसी बरती जाएगी। कोचियों और तस्करों पर नजर भी रखी जायेगी।

नागरिक आपूर्ति निगम में रिजेक्ट हो रहे चावल के लॉट का ऑडिट करन करने के साथ ही प्रत्येक सप्ताह समीक्षा भी की जाएगी।

बारिश बनेगी बाधा

उपार्जन केंद्रों से धान के जल्द उठाव में बेमौसम हो रही बारिश बाधा बनते दिखाई दे रही है। बारिश के कारण खरीदी केंद्र तक वाहन नही जा पा रहा है। मिट्टी गीली होने और आसपास पानी भरा होने के कारण परिवहन का लक्ष्य तय समय पर पूरा करने में समितियों को कठिनाई का सामना करना पड़ेगा।

Posted By: anil.kurrey