Chhattisgarh National Tribal Festival: राष्ट्रीय आदिवासी महोत्सव की तैयारी पूरी, तीन देशों के नृत्य कलाकार पहुंचे

Updated: | Wed, 27 Oct 2021 05:05 PM (IST)

Chhattisgarh National Tribal Festival: रायपुर (नईदुनिया प्रतिनिधि)। राष्ट्रीय आदिवासी महोत्सव की तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी है। अब तक तीन देशों फिलिस्तीन, नाइजीरिया, उज्बेकिस्तान के नर्तक कलाकारों की टीम राजधानी पहुंच चुकी है। साइंस कालेज मैदान में विशाल डोम एवं दो भव्य मंच बनकर तैयार हो चुका है। बाहर से आए नर्तक दलों ने अभ्यास भी करना शुरू कर दिया है।

पहले दिन छत्तीसगढ़-फिलिस्तीन का नृत्य

28 अक्टूबर को महोत्सव के पहले दिन विविध देशों में विवाह संस्कार पर किए जाने वाले नृत्य और अन्य पारंपरिक विधाओं को प्रस्तुत करेंगे। दोनों विधाओं में प्रथम तीन टीमों को पुरस्कार दिया जाएगा। छत्तीसगढ़ के लोकगीत, नृत्य दशहेरा करमा, करसाड़, मांदरी, रीना सैला, ददरिया, बिहाव, फाग, पंथी, राउत नाचा की धूम मचेगी।

पारंपरिक आभूषण का आकर्षण

आदिवासियों के गले में सुता माला, कान में ढार, बांह में नागमोरी, हाथ में चूड़ी, पैर में कांसे का चूड़ा, पाजनी, ककनी, बनुरिया, सिर पर मोर पंख की कलगी, बीरन घास की बनी लड़ियां।

वाद्य यंत्र

मांदर, ढोल, टीमकी, बांसुरी, ठीसकी, पैजना।

वेशभूषा

धोती-कुर्ता, काले रंग का जैकेट, पगड़ी, पैर में पैजना, लाल-सफेद रंग का लुगड़ा, ब्लाउज, साफा, मोती माला, माथे पर कौड़ीयुक्त पट्टा, घंटियों से युक्त गुजिड़।

अब तक नाइजीरिया के 10 कलाकार, श्रीलंका के 10 कलाकार और फिलिस्तीन से अवतार सांस्कृतिक केंद्र के दाबके कला समूह के कलाकार प्रस्तुति देने आ चुके हैं। इनके अलावा चार देशों के कलाकार और 27 राज्यों तथा 6 केंद्र शासित प्रदेश के कलाकार बुधवार को पहुंचेंगे।

प्रदेश के सभी विधा के कलाकार होंगे शामिल

संस्कृति मंत्री अमरजीत भगत ने छत्तीसगढ़ी फिल्म निर्माता, निर्देशकों, सभी विधा के कलाकारों को महोत्सव में शामिल होने आमंत्रित किया है। पद्मश्री भारती बंधु, भजन गायक दिलीप षडंगी भी प्रस्तुति देंगे। इसके अलावा आटो, टैक्सी, ट्रैवल्स, होटल, मोटल प्रबंधकों को कार्यक्रम सफल बनाने के लिए योगदान देने का आग्रह किया है।

भारतीय व्यंजनों का स्वाद चखेंगे विदेशी

संस्कृति विभाग के संचालक विवेक आचार्य ने बताया कि विदेश से आने वाले कलाकारों को छत्तीसगढ़ी व्यंजनों समेत दक्षिण भारतीय, ओडिश्ाा, उत्तर प्रदेश, बिहार के व्यंजनों की विशेषता बताई जाएगी। भारतीय व्यंजन ही परोसे जाएंगे। इसमें वेज और नानवेज को शामिल किया गया है। ज्यादा तीखे मिर्च-मसालों से परहेज किया जाएगा।

Posted By: Kadir Khan