रायपुर में पुराने वाटर कूलर से बनाया संविधान गुड़ी का माडल, स्‍कूली बच्‍चों के लिए बना मददगार

Updated: | Thu, 02 Dec 2021 05:01 PM (IST)

रायपुर (नईदुनिया प्रतिनिधि)। भारत के संविधान की शपथ और संविधान पाठ प्रत्येक शालाओं में कराया जा रहा है। मायाराम सुरजन में प्राचार्य डा. भावना तिवारी और व्याख्याता रजनी शर्मा के प्रोत्साहन से स्‍कूल में ही पुराने पड़े वाटर कूलर से संविधान गुड़ी का निर्माण कराया गया है। जो विद्यार्थियों को काफी आकर्षित भी कर रहा है। इसके अलावा बच्‍चे संविधान की बारीकियों से भी परिचित हो रहे हैं।

व्याख्याता रजनी ने बताया कि मूलतः यह बस्तर के बुरूंग पाल में स्थित है। शायद यह विश्व का एकमात्र ऐसा स्थान है जहां संविधान की पूजा की जाती है। गुड़ी का अर्थ है रखने की जगह। अर्थात संविधान रखने की जगह ही

संविधान गुड़ी कहलाती है। शिलालेख पर अधिकारों का उल्लेख करके उन्हें इस गुड़ी में चित्रित किया गया है।

दुर्लभ संविधान गुड़ी से परिचित

छात्राओं को राजनीति विज्ञान के लिए साक्षात उदाहरण देने के लिए इसे बनाया गया है। इससे छात्राएं संविधान व बस्तर के दुर्लभ संविधान गुड़ी से परिचित हो। इसके साथ ही राजनीति विज्ञान की रेलगाड़ी, फाइल, सैंड आर्ट के माध्यम से राजनीति विज्ञान पढ़ाया जाता है। कक्षा 12वीं की छात्रा पुष्पांजलि, निरंतरता, वन्ना, हेमा आदि छात्राओं मिलकर तैयार की है।

अमृत महोत्सव के प्रतियोगिता में प्रतिभागी बने संतोष

छत्तीसगढ़ प्रदेश स्वतंत्रता संग्राम सेनानी उत्तराधिकारी संगठन के प्रदेश सचिव पी. संतोष नायडू ने भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय की ओर से आयोजित 75वीं आजादी के अमृत महोत्सव का आयोजन आनलाइन प्रतियोगिता में हिस्सा लिया। इस मौके पर संविधान क्वज प्रतियोगिता, राष्ट्रीय गान प्रतियोगिता, संविधान की उपदेशिका में हिस्सा लिया। इस मौके पर उन्हें संस्कृति मंत्रालय द्वारा प्रमाण पत्र दिया गया।

इस मौके पर संघटन के प्रदेश अध्यक्ष मुरली मनोहर खंडेलवाल, प्रदेश कार्यकारिणी अध्यक्ष बबीता नत्थानी, राजेंद्र उमाठे, पी. शंकर नायडू, शैलेंद्र राठौर, सुरेश मिश्रा, प्रदीप नारायण तिवारी, अशोक रायचा, पीसी अग्रवाल आदि लोगों ने बधाई एवं शुभकामनाएं दी।

Posted By: Kadir Khan