Polythene In Chhattisgarh: छत्‍तीसगढ़ में कैरीबैग सहित 23 वस्तुओं की बन रही सूची, लगाया जाएगा जुर्माना

Updated: | Tue, 14 Sep 2021 06:05 AM (IST)

Polythene In Chhattisgarh: पराग मिश्रा. रायपुर। आने वाले दिनों में अगर कैरीबैग समेत दूसरे पालीथीन का उपयोग करने व उन्हें मंगाने वाले कारोबारियों पर जुर्माना लगाने के साथ ही उन पर कड़ी कार्रवाई भी की जाएगी। बताया जा रहा है कि पर्यावरण विभाग ने इसके लिए कैरीबैग समेत 23 वस्तुओं की सूची बनाया है और शासन के पास प्रस्ताव भी बनाकर भेजा है। पालीथीन का उपयोग पर्यावरण के लिए काफी घातक है और इसका प्रयोग बंद होना चाहिए।

नईदुनिया द्वारा इसके लिए विशेष अभियान भी चलाया जा रहा है। 50 माइक्रान से कम मोटाई वाले पालीथीन पर शासन द्वारा प्रतिबंध लगाने के बाद भी शहर के बाजारों में इसका उपयोग धड़ल्ले से हो रहा है। कम मोटाई वाले पालीथीन के साथ ही इन दिनों पतले डिस्पोजल का भी उपयोग बिना किसी रोकटोक के किया जा रहा है और प्रशासन बेखबर है।

व्यापारिक संगठन भी अभियान के साथ

पालीथीन पर प्रतिबंध लगाए जाने के अभियान के साथ व्यापारिक संगठन भी साथ आने लगे हैं। छत्तीसगढ़ प्लास्टिक निर्माता एसोसिएशन के अध्यक्ष संतोष जैन का कहना है कि वाकई 25 माइक्रान से कम मोटाई वाले पालीथीन का उपयोग करने वाले कारोबारियों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। इन कारोबारियों को स्वयं ही इसका ध्यान रखना होगा कि वे बाहर से माल न मंगाए। इसके साथ ही उपभोक्ताओं को भी सजग होना होगा कि वे बाहर जाते समय अपने साथ थैला रखें और कारोबारी से कैरीबैग न मांगे। इसके बाद ही इस समस्या का हल निकल सकता है।

70 फीसद बाहर से और 30 फीसद स्थानीय उद्योग बना रहे

सरकार द्वारा प्रतिबंध लगाए जाने के बाद भी अहमदाबाद, सूरत आदि क्षेत्रों से 25 माइक्रान से कम मोटाई वाले करीब 180 टन पालीथीन आ रहे है। इसके साथ ही 70 टन स्थानीय उद्योगों द्वारा बनाया जा रहा है। इस प्रकार 25 माइक्रान से कम मोटाई पालीथीन का उपयोग बाजार में धड़ल्ले से हो रहा है। जबकि नियम के अनुसार 50 माइक्रान से कम मोटाई वाले पालीथीन पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध है।

भेजा है प्रस्ताव

पर्यावरण विभाग द्वारा एक प्रस्ताव बनाकर भेजा गया है। इसमें नियमों का उल्लंघन करने वाले कारोबारी पर जुर्माना के साथ ही कार्रवाई भी होगी। - आरपी तिवारी, सदस्य,सचिव, छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल

Posted By: Kadir Khan