रायपुर हेलो नईदुनिया : नामांकन के बाद प्रत्याशियों को मैसेज से मिल रही जानकारी

Updated: | Fri, 03 Dec 2021 09:20 AM (IST)

रायपुर (नईदुनिया प्रतिनिधि)। छत्‍तीसगढ़ में 15 नगरीय निकाय चुनाव का बिगुल बज गया है। भाजपा, कांग्रेस और जकांछ ने प्रत्याशियों की घोषणा कर दी है। निर्वाचन आयोग ने नामांकन प्रक्रिया का सरलीकरण करते हुए उसे आनलाइन कर दिया है। इससे प्रत्याशियों का नामांकन लिपिकीय त्रुटि की वजह से रद नहीं होगा। नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रत्येक प्रत्याशी के मोबाइल नंबर पर मैसेज भेजने की व्यवस्था की गई है।

आयोग द्वारा मतदाता जागरूकता के लिए जागो वोटर नामक कार्यक्रम चलाया जा रहा है, ताकि लोग मतदान कर सकें। इसके साथ ही आयोग चुनाव के दौरान कोरोना गाइडलाइन का पालन और शांतिपूर्ण तरीके से चुनाव संपन्ना कराने के लिए तैयारी में जुट गया है। चुनाव आयोग ने हेल्प लाइन नंबर 07712880400 जारी किया है। इस नंबर पर फोन करके शराब बांटने, साड़ी या फिर चुनाव के दौरान किसी प्रकार अव्यवस्था होने पर शिकायत दर्ज कर सकते हैं। हेलो नईदुनिया कार्यक्रम में निर्वाचन आयोग के अधिकारी दीपक अग्रवाल ने शुक्रवार को मतदाताओं के सवालों के जवाब दिए।

बता दें कि राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा इस बार आनलाइन नामांकन की सुविधा शुरू की है। इस सुविधा से प्रत्याशी आनलाइन फार्म भर सकते हैं। यदि किसी प्रकार की त्रुटि हो जाती है तो उसमें सुधार कर सकते हैं। वहीं आफलाइन फार्म भरने पर कुछ गलती हुई तो काटछांट करनी पड़ती थी, जिससे फार्म रद होने की संभावना बनी रहती है। आनलाइन फार्म भरने पर फार्म रद होने की संभावना खत्म हो गई है। इसके साथ ही प्रत्याशियों के मोबाइल नंबर पर मैसेज भेजने की व्यवस्था की गई है। प्रत्याशी के नामांकन भरने से लेकर प्रतीक चिह्न के आवंटन होने के बाद उनके मोबाइल पर तुरंत मैसेज भेज दिया जाएगा।

सवाल: सौ फीसद मतदान कराने के लिए निर्वाचन आयोग द्वारा क्या व्यवस्था की गई है? - शुभम साहू, राजा तालाब, रायपुर

जवाब: राज्य के 15 नगरीय निकायों में चुनाव कराया जा रहा है। चुनाव के दौरान सौ फीसद मतदान हो सके, इसके लिए जागो वोटर नामक कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इसके साथ ही मतदाता की भी जिम्मेदारी है कि वह बूथ पर जाकर मतदान करे। इसके साथ ही 18 बिंदु दिए गए हैं, उनमें से कोई एक प्रमाण पत्र ले जाकर मतदाता वोट डाल सकता है। मतदाता बय जीब.र्यप.ैह पर जाकर आनलाइन अपनी पर्ची भी ले सकता है। पर्ची के लिए कहीं लाइन लगाने की जरूरत नहीं है।

सवाल: कोरोना संक्रमण के बाद स्कूल खुल रहे हैं। शिक्षकों को चुनाव कार्यक्रमों में ड्यूटी लगाई जा रही है, जबकि चुनाव कार्यक्रम से शिक्षकों को दूर रखना चाहिए। इससे छात्रों की शिक्षा प्रभावित नहीं होगी? - रजनी शर्मा, अग्रसेन चौक रायपुर

जवाब: चुनाव राज्य निर्वाचन आयोग करा रहा है। जिन जिलों में चुनाव हो रहा है, उन जिलों में निर्देश दिए गए हैं कि शिक्षकों की कम से कम ड्यूटी लगाई जाए, ताकि किसी का काम प्रभावित न हो।

सवाल: सामाजिक संस्था मतदान के लिए मतदाताओं को जागरूक कर सकती है या नहीं। यदि करती है तो निर्वाचन आयोग की तरफ से कोई प्रमाण पत्र मिलेगा। -डा. हितेश दीवान, पुरानी बस्ती रायपुर

जवाब: निर्वाचन आयोग द्वारा जागो वोटर कार्यक्रम चलाया जा रहा है। एनजीओ मतदाता जागरूक कार्यक्रम चला सकते हैं, लेकिन यदि किसी भी पार्टी से जुड़े न हों। जिला प्रशासन चाहे तो एनजीओ को जोड़ सकता है। अच्छे काम के लिए प्रश्ास्ति पत्र दिया जाता है। इसके साथ मतदाताओं को भी चाहिए कि स्वच्छ लोकतंत्र के लिए जरूरी है कि प्रत्येक मतदाता अपना मतदान करें।

सवाल: चुनाव के दौरान आचार संहिता का उल्लंघन होने पर कहां-कहां शिकायत कर सकते हैं? -आकाश कुमार, बिरगांव

जवाब: राज्य निर्वाचन आयोग, जिला निर्वाचन अधिकारी और रिटर्निंग अधिकारी से आचार संहिता का उल्लंघन होने पर शिकायत कर सकते हैं। इसके लिए आयोग ने हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है, उस पर फोन कर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।

सवाल: नगरीय निकाय चुनाव मतपत्र से होगा या फिर मशीन से कराया जाएगा? -माधुरी, पावर हाउस, भिलाई

जवाब: नगरीय निकाय चुनाव मत्र पत्र से कराया जाएगा।

सवाल: चुनाव के समय कोरोना गाइडलाइन क्या है, इसका पालन कैसे कराया जाएगा? -राजेश चौहान, बिरगांव

जवाब: चुनाव के दौरान सामग्री वितरण, मतदान केंद्र के प्रत्येक स्टेज के लिए गाइडलाइन जारी की गई है। उसी गाइडलाइन के तहत मतदान कराया जाएगा। इसके साथ ही शांतिपूर्ण तरीके से मतदान कराने के लिए प्रत्येक बूथ पर दो-दो जवान तैनात किए जाएंगे। वहीं संवेदनशील मतदान केंद्र पर अधिक जवान तैनात किए जाएंगे। कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक द्वारा संवेदनशील बूथ तय किया जाता है।

सवाल: सर, चुनाव होने वाले हैं और प्रत्याशी तय रकम से ज्यादा खर्च कर रहे हैं, इस पर कैसे रोक लगाएंगे? -प्रकाश वर्मा, बिरगांव

जवाब: नगर निगम की जनसंख्या के हिसाब से प्रत्याशियों के रकम खर्च करने की सीमा तय की गई है। प्रत्याशियों को रोज व्यय की जानकारी देना अनिवार्य है। अगर कोई ज्यादा रकम खर्च कर रहा है तो इसकी जांच करने आब्जर्वर की नियुक्ति की गई है। इसके अलावा सभी वार्डों में पर्यवेक्षक भी नियुक्त है। शिकायत होने पर जांच करके खर्च को जोड़ने का प्रावधान है। साथ ही प्रतिवेदन लेकर संबंधित प्रत्याशी के खिलाफ कार्रवाई भी की जाती है। चुनाव संबंधी शिकायत 07712880400 पर सीधे की जा सकती है।

सवाल: बेटे का वोटर आइडी कार्ड नहीं बना है। वह वोट कैसे दे सकता है? -सुदीपधर दीवान, भिलाई

जवाब: भारत निर्वाचन आयोग ने मतदाताओं की सुविधा के लिए 18 प्रकार के आइडी कार्ड को मान्यता दी है। बैंक, डाकघर फोटो युक्त पासबुक, पासपोर्ट, पैन कार्ड, आधार कार्ड, मनरेगा जाब कार्ड, फोटोयुक्त स्वास्थ्य बीमा योजना(स्मार्ट) कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पेंशन दस्तावेज, शस्त्र लाइसेंस आदि को मतदान केंद्र के पीठासीन अधिकारी, मतदान अधिकारी को दिखाकर मत डाल सकते हैं। किसी तरह की दिक्कत नहीं होगी। इसके साथ ही राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा तैयार साफ्टवेयर एसईसी-ईआर से आनलाइन मतदाता पहचान पर्ची जनरेट कर सकते हैं।

सवाल: सर, मेरे बेटे की उम्र 18 साल हो चुकी है। मतदाता कार्ड नहीं बना है, कैसे बन पाएगा? -अजय शर्मा,रायपुर

जवाब: राज्य निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर जाकर पूरी जानकारी भर दें। पुराना से नया पता दर्ज करने के लिए संशोधन फार्म भरा जा सकता है।

सवाल: सर, मतदाता सूची में नाम नहीं है। कैसे जुड़ेगा? जानकारी देने का कष्ट करें। -उर्मिला यादव, रामसागरपारा

जवाब: फिलहाल नया नाम मतदाता सूची में जुड़ नहीं पाएगा। राज्य निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर जाकर पूरी जानकारी भर दें।

सवाल: सर, नगर निगम के चुनाव में पार्षद पद के प्रत्याशी शराब आदि का वितरण वार्डों में करेंगे, इसकी शिकायत कहां की जा सकती है। -सत्यप्रकाश, राजनांदगांव

जवाब: जिला निर्वाचन अधिकारी के साथ ही राज्य निर्वाचन आयोग के कंट्रोल रूम में 07712880400 नंबर पर सीधे शिकायत कर सकते है। इसके अलावा व्यय प्रेक्षक, सामान्य प्रेक्षक से भी व्यक्तिगत या फिर फोन पर शिकायत की जा सकती है, लेकिन शिकायत सही होनी चाहिए। आप चाहेंगे तो आपका नाम भी गोपनीय रखा जाएगा।

Posted By: Kadir Khan