HamburgerMenuButton

बड़ी मां की मौत होने से बच गया था रेमडेसिविर इंजेक्शन, बेचने के चक्कर में फंसे दो लोग

Updated: | Sun, 18 Apr 2021 12:02 PM (IST)

रायपुर। छत्तीसगढ़ में कोरोना के बढ़ते कहर से हर कोई खौफजदा है।इसी बीच कुछ दवाइयां ऐसी हैं, जो कोरोना से जिंदगी बचा सकती है। अब इन दवाइयों की कालाबाजारी शुरू हो गई है। इंसान के एक-एक सांस की कीमत लगाई जा रही है। इन्हीं दवाई और इंजेक्शन में से एक रेमडेसिविर भी है। जिसकी कालाबाजारी रायपुर समेत पूरे प्रदेश में जारी है।

रायपुर पुलिस ने कालाबाजारी के आरोप में जिन दो लोगों को शुक्रवार को गिरफ्तार किया था, उनमें से एक आरोपित सूर्यकांत यादव ने कोरोना संक्रमित बड़ी मां के लिए इंजेक्शन खरीदकर रखा था। इलाज के दौरान जब बड़ी मां की मौत हो गई, तो उसने बचे हुए इंजेक्शन को ब्लैक में बेचकर पैसा कमाने की सोची और पुलिस की जाल में फंस गया।

दरअसल, रायपुर जिले में लॉकडाउन और बढ़ते कोरोना महामारी के बीच आवश्यक औषधि, रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी की खबरें लगातार मिल रही है। जिला और पुलिस प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया है। ऐसे लोगों को चिंहांकित करने का लगातार प्रयास किया जा रहा है। इसी कड़ी में रायपुर पुलिस ने बलौदाबाजार निवासी सूर्यकांत यादव और रोहणीपुरम निवासी विक्रम सिंह को आमानाका इलाके से शुक्रवार को गिरफ्तार किया था।

दोनों खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई है। पुलिस की तफ्तीश में यह बात सामने आई कि सूर्यकांत यादव ने कोरोना संक्रमित बड़ी मां के लिए रेमडेसिविर इंजेक्शन खरीदकर रखा था, इस बीच इलाज के दौरान उनकी मौत हो जाने पर सूर्यकांत ने उसे अधिक कीमत पर बेचने की सोचकर ग्राहक तलाश रहा था। दूसरा आरोपित विक्रम सिंह भी इसी ताक में लगा था। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने ग्राहक बनकर इंजेक्शन खरीदने सौदेबाजी की और दोनों को दबोच लिया।

साइबर सेल प्रभारी रामकान्त साहू के मुताबिक पुलिस इस मामले से जुड़े अन्य तथ्यों के बारे में भी पता लगा रही है। दोनों से पूछताछ में अगर और लोगों के नाम सामने आते हैं, तो उनके खिलाफ भी जल्द कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल किसी अन्य की संलिप्तता सामने नहीं आई है। उन्होंने स्वीकार किया कि अस्पतालों में रेमडेसिविर इंजेक्शन को स्वास्थ्यकर्मी दबाकर अपने पास रख ले रहे है और बाद में ऊंची कीमत पर इसे जरूरतमंदों को बेच देते है। ऐसे लोगों की तलाश की जा रही है।

कलेक्टर डॉ. एस भारतीदासन ने कहा है कि ऐसी समय जब कोरोना महामारी के रूप में लोगों के जीवन में संकट आया है। जीवन रक्षक औषधि का कालाबाजारी का किया जाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बात है। उन्होंने कहा है कि कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जाएगी।

दवाइयों की कालाबाजारी करने वालों की शिकायत करें इस नंबर 9479191099 पर

कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच दवाइयों की कालाबाजारी भी तेज हो गई है। ऊंची कीमत पर दवाइयां बेची जा रही है। शासन-प्रशासन के निर्देशों को नजर अंदाज कर कालाबाजारी का धंधा तेजी से चल रहा है। रायपुर पुलिस ने कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया है। इसके लिए हेल्पलाइन नंबर-9479191099 तक जारी किए गए हैं, ताकि कालाबाजारी करने वालों की सूचना पुलिस तक पहुंच सके।

पुलिस ने अति आवश्यक सूचना जनहित में जारी की है। पुलिस का कहना है कि जीवन रक्षक दवाइयों की कालाबाज़ारी करने या अधिक कीमत पर बेचने वाले लोगों के संबंध में आपके पास कोई भी जानकारी हो तो आप नजदीकी थाना या रायपुर पुलिस के कंट्रोल रूम में फ़ोन करके इसकी जानकारी दे सकते हैं। दवाइयों की काला बाज़ारी करना अपराध है। ऐसा करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

Posted By: Shashank.bajpai
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.