संसद तक पहुंचा छत्‍तीसगढ़ में धान खरीदी के लिए बारदाने की कमी का मुद्दा

Updated: | Thu, 02 Dec 2021 08:18 PM (IST)

Gunny Bags Issue: रायपुर (राज्य ब्यूरो)। छत्‍तीसगढ़ में धान खरीदी के लिए बारदाने की कमी का मुद्दा संसद तक पहुंच गया है। बस्तर से कांग्रेस सांसद दीपक बैज ने यह मुद्दा लोकसभा में उठाया। उन्होंने केंद्र सरकार से राज्य को पर्याप्त बारदाना उपलब्ध कराने की मांग की। उन्होंने सदन में बताया कि राज्य सरकार ने इस वर्ष रिकार्ड 105 लाख टन धान खरीदी का लक्ष्य रखा है। इसके लिए सवा पांच लाख गठान बारदाना चाहिए, लेकिन जूट कमिश्नर ने केवल दो लाख 14 हजार गठान ही देने की सहमति दी है। इसमें से भी अब तक केवल 86,856 गठान ही बारदाना पहुंचा, जबकि धान खरीदी शुरू हो चुकी है।

सांसद बैज की तरफ से उठाए गए इस मुद्दे को लेकर प्रदेश कांग्रेस को भाजपा सांसदों पर हमला करने का मौका मिल गया है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि जब सांसद दीपक बैज लोकसभा में राज्य के किसानों के हित में केंद्र सरकार से बारदाना उपलब्ध करवाने की मांग कर रहे थे, तब भाजपा के नौ सांसद मौन क्यों थे? क्या उनका कर्तव्य नहीं बनता कि वे राज्य के हित में सांसद बैज की बातों का समर्थन करते? क्या छत्तीसगढ़ की जनता ने उन्हे सिर्फ घूमने-फिरने और सांसद को मिलने वाली सुविधाओं का उपभोग करने दिल्ली भेजा है?

शुक्ला ने सवाल किया है कि राज्य के हितों की आवाज उठाने में भाजपाई सांसदों की दलीय प्रतिबद्धता क्यों आड़े आ जाती है? केंद्र में भाजपा की सरकार है तो इन सांसदों का दायित्व और बढ़ जाता है कि केंद्र पर दबाव बनाकर राज्य के हित के अनुरूप फैसला करवाएं। केंद्र न राज्य को बारदाने दे रहा और न ही राज्य से उसना चावल ले रहा। ऐसे में भाजपा सांसदों की चुप्पी राज्य के मतदाताओ के साथ धोखा है जिन्होंने प्रचंड बहुमत के साथ भाजपा के नौ सांसदों को प्रदेश की आवाज उठाने दिल्ली भेजा था।

Posted By: Kadir Khan