HamburgerMenuButton

MP Vaccination Maha Abhiyan: टीकाकरण महाअभियान को उत्सव बनाकर CM शिवराज ने मध्य प्रदेश को दिया कोरोना सुरक्षा कवच

Updated: | Tue, 22 Jun 2021 09:12 PM (IST)

धनंजय प्रताप सिंह, नईदुनिया। कृषि कर्मण अवार्ड, पौधारोपण, स्वच्छता में शीर्ष और फसलों की रिकॉर्ड पैदावार के बाद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के खाते में कोरोना टीकाकरण की भी एक और उपलब्धि जुड़ गई है। एक दिन में सर्वाधिक टीकाकरण में मध्य प्रदेश ने देश में शीर्ष स्थान हासिल किया है। 21 जून को शुरू हुए विशेष महाअभियान में एक दिन में पूरे प्रदेश में 16.95 लाख से ज्यादा लोगों को कोरोना टीका लगाया गया, जो लक्ष्य से 69 फीसद ज्यादा है। वहीं पंजाब, दिल्ली, और राजस्थान जैसे उन गैर एनडीए शासित राज्यों ने खास उपलब्धि हासिल नहीं की, जो टीकाकरण में देरी के लिए केंद्र की मोदी सरकार पर आरोप लगाते रहे हैं।

टीकाकरण महाअभियान में रिकॉर्ड बनाने वाले मध्य प्रदेश ने अन्य राज्य सरकारों के लिए जनभागीदारी द्वारा जन उत्सव का नया मॉडल प्रस्तुत किया है। इसकी सबसे खास बात यह है कि सरकार इसमें व्यवस्था जुटाने और संसाधन उपलब्ध करवाने की भूमिका में रही और फिर समाज को आगे कर उसकी सफलता का जिम्मा सौंप दिया। दरअसल, अपने 15 साल से अधिक के मुख्यमंत्रित्व काल में शिवराज ने जनहित के कई अभियानों को सरकारी आयोजन के टैग से बाहर निकालकर जन उत्सव बनाया है, जिससे ये सफल भी रहे हैं।

कोरोना से बचाव के लिए टीकाकरण की अनिवार्यता को सख्ती से लागू करने के बजाय शिवराज ने इसे उत्सव का स्वरूप देकर पूरे देश, विशेषकर उन राज्यों को संदेश दिया है जो टीकाकरण को लेकर अब भी उदासीन बने हुए हैं। कोरोना की तीसरी लहर की आशंका के बीच यह संदेश महत्वपूर्ण है। शिवराज ने टीकाकरण के लिए खुद मोर्चा संभाला तो सरकारी अमले को चुस्त-दुरूस्त करने के साथ समाज के सभी वर्गों का साथ भी लिया। सभी पंथ अनुयायियों को प्रेरित करने के लिए उनके धर्मगुरुओं की मदद ली तो मीडिया, सामाजिक संस्थाओं और विभिन्न् संगठनों की भूमिका भी तय की। नतीजा रहा कि तय लक्ष्य से ज्यादा परिणाम मिले।

पहले भी चलाया जनअभियान

इससे पहले के कार्यकाल में शिवराज खेती को लाभ का धंधा बनाने के अभियान में सफल हो चुके हैं। परिणामस्वरूप पांच वर्षों तक मध्य प्रदेश को खाद्यान्ना की अधिक पैदावार के लिए कृषि कर्मण अवार्ड मिला, वहीं पिछले साल गेहूं की पैदावार में मध्य प्रदेश ने पंजाब को पछाड़ दिया। कोरोना काल में किसानों में भरोसा जगाने के चलते इस साल भी खरीदी भरपूर हो सकी। पिछले कार्यकाल में चौहान ने नर्मदा परिक्रमा यात्रा कर नदियों, जलस्रोतों के संरक्षण और पर्यावरण के लिए व्यापक पैमाने पर पौधरोपण को जनअभियान बना दिया था। इसके बाद स्वच्छता अभियान में भी इंदौर लगातार चार सालों से शीर्ष पर हैं, वहीं भोपाल भी दूसरे स्थान तक पहुंच चुका है।

कांग्रेस खुलकर नहीं आई सामने

टीकाकरण महाअभियान में कांग्रेस सियासी दायरे को लेकर असमंजस में दिख रही है। पार्टी के स्थानीय नेता खुलकर समर्थन करते हुए लोगों को प्रेरित करने के बजाय टीकाकरण केंद्रों पर भीड़ में उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं। जबकि कोरोना की दूसरी लहर में राज्यसभा सदस्य विवेक तन्खा, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमल नाथ सहित पार्टी के कई नेताओं ने ऑक्सीजन और दवाओं के इंतजाम में भूमिका निभाई थी।

Posted By: Hemant Kumar Upadhyay
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.