Gwalior Ambulance News: दूसरी लहर की भयावहता से भी नहीं लिया सबक, किराए पर निगरानी के हुए बंदोबस्त

Updated: | Fri, 06 Aug 2021 09:05 AM (IST)

-स्वास्थ्य विभाग ने अप्रैल में निर्धारित की थी एंबुलेंसों की किराया दर, तीसरी लहर की नहीं तैयारी

Gwalior Ambulance News: ग्वालियर. नईदुनिया प्रतिनिधि। कोरोना की दूसरी लहर में देश-प्रदेश के साथ ही ग्वालियर की स्वास्थ्य व्यवस्थाएं बुरी तरह ठप हो गई थी। यहां तक कि कोरोना मरीजों को अस्पताल तक ले जाने के लिए एंबुलेंस का मिलना भी सुलभ नहीं था। निजी एंबुलेंसों द्वारा चंद किलोमीटर तक की दूरी के लिए 10-10 हजार रुपये तक की मनमानी वसूली की जा रही थी। खास बात यह है कि जिन एंबुलेंसों में आक्सीजन की सुविधा भी नहीं थी, उनका भी किराया मनमाना था। ऐसे में अप्रैल 2021 में परिवहन विभाग, वल्लभ भवन के आदेश के अनुपालन में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला ग्वालियर द्वारा एएलएस व बीएलएस एंबुलेंस के किराए की दर निर्धारित की थी। हालांकि इन दरों पर न दूसरी लहर के दौरान एंबुलेंसों का संचालन हुआ और न वर्तमान व भविष्य में इन्हें लागू कराए जाने के लिए कोई विशेष प्रयास स्वास्थ्य विभाग द्वारा किए जा रहे हैं। हर किसी के जहन में इन दिनों कोरोना की तीसरी लहर की आशंका है। देश के कई राज्यों में लगातार कोरोना के केस एक बार फिर बढ़ने लगे हैं। बावजूद इसके स्वास्थ्य विभाग का यह रवैया चिंताजनक है।

वहीं सरकारी एंबुलेंसों की संख्या में भी कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है। स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल कोरोना के मरीज नहीं आ रहे हैं, ऐसे में एंबुलेंस की जरूरत ही नहीं हैं। इसलिए विशेष प्रयास नहीं कर रहे हैं। हालांकि 5 एंबुलेंस खरीदी जाना प्रस्तावित है।

-15 एंबुलेंस, जिनमें से 6 गांवों के लिए

नोडल अधिकारी एंबुलेंस इंद्रपाल निवारिया ने बताया कि वर्तमान में ग्वालियर जिले में कुल 15 सरकारी (108) एंबुलेंस हैं। जिनमें से 8 का इस्तेमाल शहरी क्षेत्र व 7 का ग्रामीण इलाकों के लिए किया जाता है। वर्तमान में कोई मरीज कोरोना का नहीं आ रहा है।

-यह निर्धारित हुई थी किराया दर

एंबुलेंस का प्रकार शहरी क्षेत्र ग्रामीण क्षेत्र

एएलएस प्रथम 10 किमी 500 रु, फिर 25 रु प्रति किमी प्रथम 20 किमी 800 रु, फिर 25 रु प्रति किमी

बीएलएस प्रथम 10 किमी 250 रु, फिर 20 रु प्रति किमी प्रथम 20 किमी 500 रु, फिर 20 रु प्रति किमी

(नोट-निर्धारित से अधिक रुपये लेने पर वाहन पंजीकरण निरस्त करने की कार्रवाई करने की बात आदेश में लिखी थी।)

Posted By: anil.tomar