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Gwalior Electricity News: कोरोना के दर्द के बाद अब बिजली बिल का करंट

Updated: | Fri, 25 Jun 2021 02:17 PM (IST)

Gwalior Electricity News: ग्वालियर, नईदुनिया प्रतिनिधि। कोरोना की दूसरी लहर आने से आर्थिक तंगी के शिकार हुए गरीब,मजदूर वर्ग के लोगों पर बिजली बिल की मार पड़ी है। शासन की विभिन्न योजनाओं से पात्र इन हितग्राहियों को बिजली बिल में शासन से मिलने बाली सब्सिडी नहीं मिली है। जिससे कई गुना आई बिजली बिल की राशि ने उपभोक्ताओं के सामने परेशानी खड़ी कर दी है।

जानकारी के अनुसार बीपीएल राशन कार्ड धारी, मुख्यमंत्री जन कल्याण संबल योजना सहित गरीबों के लिए संचालित योजनाओं के पात्र हितग्राहियों को सस्ती बिजली प्रदाय करने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा हर महीने इन उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में सब्सिडी प्रदान की जाती है। इन योजनाओं के हितग्राहियों को 100 यूनिट बिजली की खपत पर 100-200 रुपये का बिल प्रदाय किया जाने का प्रावधान शासन द्वारा किया गया था। ऐसे उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में 500 से 600 रुपये की सब्सिडी की राशि भेजी जा रही थी, लेकिन माह मई और जून के बिजली बिलों में शासन से मिलने बाली सब्सिडी उपभोक्ताओं को नहीं मिली। ऐसी स्थिति में छह सात गुना ज्यादा राशि के बिजली बिल मिलने से उपभोक्ताओं के होश उड़ गए और वे बिल लेकर सीधे बिजली कार्यालय पहुंचे। लाेगाें ने अधिकारियाें से बढे हुए बिलों को लेकर आपत्ति दर्ज कराते हुए कहा कि कोरोना काल के तीन माह में रोजगार नहीं मिला। सभी काम धंधे बंद रहे,कोरोना कर्फ्यू के चलते कहीं बाहर मजदूरी के लिए भी नहीं जा सके। जिससे आर्थिक समस्या पैदा हो गई है। ऐसे में बिजली बिलों की बढ़ी हुई राशि हम कहां से लाकर जमा करें। वहीं बिजली विभाग के अधिकारियों का कहना था कि इस बार शासन से मिलने बाली सब्सिडी नहीं आई है। ऐसे में बिजली वितरण कंपनी द्वारा बिल की पूरी राशि जमा कराई जाएगी।

बिजली की आंख मिचौनी से परेशान हुए लाेगः ग्रामीण क्षेत्र में पिछले कुछ दिनों से विधुत व्यवस्था गड़बड़ा गई है। आए दिन लाईन फाल्ट होने से पैदा हुई बिजली की समस्या का सामना कर लोगों में विभाग के खिलाफ नाराजगी बनी हुई है। जानकारी के अनुसार विद्युत वितरण कंपनी का सालभर चले जनरल मेंटेनेंस के बाबजूद भी बिजली लाइनों में बार-बार फाल्ट हो रहा है। जिससे बिजली सप्लाई अनियमित हो गई है।

वर्जन-

कोरोना की वजह से कहीं मजदूरी के लिए भी नहीं जा सके। कोरोना ने तीन माह से घर बैठा दिया, काम धंधे बंद हैं। ऐसे में बढ़े हुए बिजली बिल की मार पड़ी है। सरकार ने बिजली की सब्सिडी बंद कर दी है। जिससे बिजली बिल की छह सात गुना बढ़ी राशि जमा करने में परेशानी हो रही है।

परमाल सिंह यादव , बिजली उपभोक्ता भितरवार

Posted By: vikash.pandey
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