Pitru Paksha 2021: असमंजस के बीच 26-27 सितंबर को दो दिन होंगे षष्ठी तिथि के श्राद्ध

Updated: | Sat, 25 Sep 2021 07:32 AM (IST)

इंदौर, नईदुनिया प्रतिनिधि Pitru Paksha 2021। इस बार सोलह दिनी पितरों के पूजन का पर्व श्राद्ध पक्ष 17 दिन मनाया जा रहा है। इसका कारण आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की षष्ठी तिथि 26 व 27 सितंबर को दो दिन होना है। तिथि दो दिन होने से स्वजन अपने पुरखों के षष्ठी तिथि को होने वाले श्राद्ध को लेकर असमंजस की स्थिति में है। कुछ पंचांगों में 26 को तो कुछ में 27 को षष्ठी तिथि के श्राद्ध करना उचित बताया गया है। हालांकि शहर में चारों स्थानों पर हो रहे तर्पण के आयोजनों में दोनों ही दिन षष्ठी तिथि के श्राद्ध होंगे।

ज्योतिर्विद् देवेंद्र कुशवाह के मुताबिक श्राद्ध पक्ष में जिस दिन अपरान्ह में जो तिथि व्याप्त हो उसी दिन उस तिथि से संबंधित जातक का श्राद्ध किया जाता है। यानि दोपहर में तिथि के पूर्ण होने पर संबंधित तिथि वाले जातक का श्राद्ध करना उचित माना गया है। इस बार षष्ठी तिथि दो दिन 26 व 27 तारीख को दोपहर में है। शास्त्रों के अनुसार जिस दिन अपरान्ह व्यापिनी तिथि 60 घड़ी से अधिक हो उसी दिन उस तिथि का श्राद्ध करना चाहिए। इसके चलते 27 सितंबर को षष्ठी का श्राद्ध करना उचित होगा। हालांकि गणना में अंतर होने से कुछ पंचांगों में 26 को भी षष्ठी तिथि का श्राद्ध बताया है।

सामूहिक आयोजन में दोनों दिन होंगे षष्ठी तिथि के श्राद्ध

शहर में तर्पण अनुष्ठान गेंदेश्वर द्वादश ज्योतिर्लिंग मंदिर परदेशीपुरा, हंसदास मठ बड़ा गणपति चौराहा, आदर्श इंदिरा नगर स्थित मांगलिक भवन, शम्भू सत्संग भवन पंचकुइया पर हो रहे हैं। इन सभी आयोजन में 17 दिन तर्पण होगा। श्रद्धा सुमन सेवा समिति द्वारा हंसदास मठ पर आयोजित तर्पण अनुष्ठान के संयोजक हरि अग्रवाल ने बताया कि इस संबंंध में विद्वानों का मत जानकर षष्ठी तिथि के श्राद्ध दो दिन करने का निर्णय लिया। इसके चलते तर्पण अनुष्ठान 17 दिन होगा। स्वजन अपनी मर्जी से दोनों दिनों में से किसी एक दिन का चुनाव कर सकते हैं।

Posted By: Sameer Deshpande