Microchips Market Indore: 2025 तक माइक्रो चिप का बाजार होगा 91000 मिलियन डालर का

Updated: | Fri, 24 Sep 2021 07:43 AM (IST)

इंदौर, नईदुनिया प्रतिनिधि Microchips Market Indore। श्री गोविंदराम सेकसरिया प्रौद्योगिकी एवं विज्ञान (एसजीएसआइटीएस) में अखिल भारतीय तकनीकी परिषद (एआइसीटीई) की मदद से अटल प्रशिक्षण कार्यक्रम का पांच दिवसीय आयोजन किया जा रहा है। गुरुवार को आइआइटी और एनआइटी के प्राध्यापकों सहित देश के 16 राज्यों के प्रतिभागियों ने इंटरनेट आफ थिंग्स (आइओटी) में हो रहे नए आविष्कारों के बारे में जानकारी दी।

इसमें आइआइटी इंदौर के प्रो. संतोष विश्वकर्मा ने बताया कि आइओटी और आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआइ) जैसी तकनीक आने से 2025 तक उपकरणों में लगने वाले माइक्रो चिप का बाजार 91000 मिलियन डालर का हो जाएगा। इसमें इलेक्ट्रानिक्स और कंप्यूटर शाखा के विद्यार्थियों को रोजगार के अच्छे अवसर भी मिलेंगे।

प्रो. विश्वकर्मा ने बताया कि भविष्य के सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट (सीपीयू), फील्ड प्रोग्रामेबल गेट अरे (एफपीजीए), ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट (जीपीयू) और अन्य कंप्यूटर संबंधी उपकरण आइओटी आधारित होंगे। आइओटी के द्वारा छोटा सा उपकरण भी क्लाउड कंप्यूटिंग के माध्यम से बिना मानवीय हस्तक्षेप से बड़ी से बड़ी गणना कुछ ही सेकंड में पूर्ण कर देगा। इससे कई तरह के अन्य उपकरण की खरीदने की जरूरत नहीं रहेगी।

मिलिट्री कालेज आफ टेली कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग (एमसीटीई) महू के प्रो. राजेश बोडाडे ने बताया कि आइओटी आधारित फ्रिज ऐसा होगा, जिसमें अंदर रखी दूध, ब्रेड और अन्य सामग्री खत्म हो जाएगी तो फ्रिज में लगा उपकरण आइओटी की मदद से अपने आप उस सामग्री का आर्डर दे सकेगा।

आइआइटी मुंबई के प्रो. कुमार अप्पया का कहना है कि भविष्य में आइओटी उपकरण की संख्या बढ़ने पर टेलीकाम नेटवर्क को टैराहर्ट्ज बैंडविथ की जरूरत होगी। इसके लिए आप्टिकल फाइबर ही एकमात्र विकल्प होगा। एनआइटी के प्रो. मोहित तहलियानी ने कहा कि शोध का प्रमाणीकरण करने में भी आइओटी से मदद मिलेगी। आइआइटी इंदौर के प्रो. विमल भाटिया ने बताया कि 5जी और 6जी तकनीक से आइओटी उपकरणों में समन्वय बनाना आसान होगा। प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन शुक्रवार को होगा। कार्यक्रम समन्वयक प्रो. मनीष पांचाल और अश्विन श्रीवास्तव ने बताया कि अगले दिनों में नोएडा और बेंगलुरु की आइओटी कंपनियों से बात कर आनलाइन कार्यक्रम भी कराए जाएंगे।

Posted By: Sameer Deshpande