इंदौर में जरूरतमंद महिलाओं के ड्राइविंग ट्रेनिंग स्‍कूल को केंद्र सरकार ने सराहा

Updated: | Wed, 20 Oct 2021 07:18 AM (IST)

इंदौर (नईदुनिया प्रतिनिधि)। प्रदेश में पहली बार इंदौर में शुरू की गई जरूरतमंद महिलाओं की ड्राइविंग की ट्रेनिंग को केंद्र सरकार ने सराहा है। अधिकारियों की टीम ने नंदानगर के ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल का निरीक्षण किया है। उन्होंने प्रधानमंत्री रोजगार योजना के तहत 30 महिलाओं की बैच को प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए हैं। प्रति महिला लगने वाला 18 से 21 हजार रुपये का खर्च भी केंद्र सरकार उठाएगी। जल्द ही नई बैच शुरू की जाएगी।

इंदौर में परिवहन विभाग के अधिकारियों ने पहली बार इस तरह का प्रयास किया था। इसमें महिलाओं को सिम्यूलेटर पर अभ्यास के साथ गाड़ी चलाने, उसके रखरखाव और आत्मसुरक्षा की ट्रेनिंग दी गई थी। अब तक 130 महिलाओं को ट्रेनिंग दी जा चुकी है। कई महिलाओं की वाहन डीलरों के यहां नौकरी भी लग चुकी है, जबकि कई इलेक्ट्रानिक आटो लेकर अपने परिवार का गुजारा कर रही है।

जानकारी लेने आया था दल

ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल के प्रभारी अनिल शर्मा ने बताया कि हम आरटीओ जितेंद्र रघुवंशी और एआरटीओ अर्चना मिश्रा के सहयोग से ट्रेनिंग दे रहे हैं। इसकी जानकारी केंद्र सरकार को भी मिली है। वहां से दो अधिकारियों के दल ने यहां आकर हमसे इसकी जानकारी ली थी। हमने उन्हें एक माह चलने वाली ट्रेनिंग की पूरी जानकारी दी। अब हमें वहां से 30 महिलाओं को ट्रे्निंग देने के निर्देश मिले हैं। शर्मा ने बताया कि प्रधानमंत्री रोजगार योजना से मिलने वाले फंड से महिलाओं को दिए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता सुधारी जाएगी। हम उन्हें लाइसेंस बनवाने और गाड़ी दिलवाने का भी प्रयास करेंगे।

400 आवेदन हैं लंबित

शर्मा के अनुसार, हमारे पास अभी करीब 400 आवेदन रखे हुए हैं। अगर अन्य महिलाएं भी आवेदन करेंगी तो हम स्वीकार करेंगे। इसके बाद इनमें से 30 महिलाओं का चयन किया जाएगा।

Posted By: Hemant Kumar Upadhyay