इंदौर में असली एडवाइजरी की आड़ में पांच फर्जी कंपनियां चला रहे थे आरोपित, 35 शिकायतें मिली

Updated: | Thu, 09 Dec 2021 10:18 AM (IST)

इंदौर, नईदुनिया प्रतिनिधि। नाम के लिए चला रहे राजिस्ट्रेट एडवाइजरी कंपनी की आड़ में दफ्तर के अंदर पांच फर्जी एडवाइजरी कंपनी चालाने वाले तीन आरोपितों सहित एक कर्मचारी को गिरफ्तार किया है। इन आरोपित अजय कुमार गुप्ता, नीरज जैन, गौतम को पिछले हफ्ते बुधवार को गिरफ्तार किया था। इस बुधवार शुभम नामक युवक को गिरफ्तार किया है। शुभम ने फरियादियों के अलावा पकड़े गए आरोपितों के साथ भी धोखाधड़ी की है। इन आरोपितों ने तिलक नगर थाना क्षेत्र में ही चार ऑफिस खोल रखे थे। सभी ऑफिस पुलिस ने एक-एक कर सील कर दिए हैं। अब वहां से मिले दस्तावेज और लैपटॉप की जांच साइबर सेल के माध्यम से करवाई जा रही है।

तिलक नगर पुलिस ने लोगों की शिकायत पर पिछले हफ्ते संविद नगर स्थित एक एडवाइजरी कंपनी पर छापा मारकर अजय, गौतम और निलेश को गिरफ्तार किया था। ये सभी पुलिस की रिमांड पर चल रहे हैं। पूछताछ में खुलासा हुआ था कि आरोपितों ने शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर 20 करोड़ से अधिक की धोखाधड़ी की है। इन लोगों ने गेटवे ऐप और रेवर के माध्यम से कई विदेशियों को भी ठगा है। ये इन ऐप के माध्यम से रुपये बुलाते थे।

एडवाइजरी कंपनी का मुख्य सरगना अजय कुमार है, जो मूल रूप से बिहार का रहने वाला है। उसने संविद नगर में किराए के मकान में यह एडवाइजरी कंपनी खोल रखी थी। टीआई मंजू यादव ने बताया कि ये सभी आरोपित रिमांड पर चल रहे हैं ।

आरोपितों ने कनाड़िया रोड पर दो आफिस खोल रखे थे, जिनमें कई लड़के व लड़कियां काम करती हैं। इस पर टीम ने वहां भी छापे मारे और दोनों ऑफिस सील कर दिए। यहां से पुलिस ने दस्तावेज और लैपटॉप जब्त किए हैं। अब तक की जांच में 20 करोड़ से अधिक की ठगी का बात सामने आई है, लेकिन नए दस्तावेजों से यह आंकड़ा और बढ़ सकता है। आरोपितों काम पर आए लड़के-लड़कियों को नौकरी पर रख कर, उनसे फोन लगवाकर लोगों को शिकार बनाते थे। यह भी पता लगाया जा रहा है कि शेयर में इन्वेस्ट करने वालों के नंबर उनके पास कहां से आए।

Posted By: Sameer Deshpande