Indore News: पुष्प विहार में भूखंडों की गलत तरीके से हुई रजिस्ट्रियां होंगी निरस्त

Updated: | Sun, 12 Sep 2021 12:25 PM (IST)

इंदौर, नईदुनिया प्रतिनिधि Indore News। मजदूर पंचायत गृह निर्माण सहकारी संस्था की पुष्प विहार कालोनी में एमआर-10 से लगी जमीन पर करीब 38 भूखंडों की रजिस्ट्री गलत तरीके से कर दी गई है। इन रजिस्ट्रियों को निरस्त कराया जाएगा। दूसरी तरफ जागृति गृह निर्माण सहकारी संस्था की पीपल्याहाना स्थित राजगृही कालोनी में 1991-92 में नगर तथा ग्राम निवेश से मंजूर किए गए नक्शे के अनुसार ही भूखंडों का आवंटन किया जाएगा।

जिला प्रशासन की अगुआई में शनिवार को सिटी बस कार्यालय में रखी गई बैठक में यह तय हुआ। विधायक महेंद्र हार्डिया और कलेक्टर मनीषसिंह की मौजूदगी में हुई इस बैठक में यह भी निर्णय हुआ कि जागृति गृह निर्माण संस्था के लिए शिविर लगाकर सदस्यों से रजिस्ट्रियां बुलाई जाएंगी और उनका सत्यापन किया जाएगा। बैठक में अपर कलेक्टर अभय बेड़ेकर, राजेश राठाैर, उपायुक्त सहकारिता एमएल गजभिये, टी एंड सीपी के उप संचालक केएस गवली, एसडीएम शाश्वत शर्मा, प्रतुल सिन्हा, भाजपा नेता राजेश उदावत, सांसद प्रतिनिधि और अन्य अधिकारी मौजूद थे। बैठक में विभिन्न संस्थाओं के पीड़ित सदस्य भी बुलाए गए थे।

जागृति गृह निर्माण संस्था में सदस्यों के दो धड़े हैं। इसमें दोनों पक्षों की ओर से मौजूद जीपी पांडे और विमल मिश्रा को कलेक्टर ने साफ तौर पर कहा कि हम पुराने नक्शे के हिसाब से ही भूखंडों का आवंटन करा पाएंगे। वर्ष 2016 में पास नक्शे के हिसाब से प्लाट नहीं दे पाएंगे। यदि इसके लिए दोनों पक्ष तैयार हों तो ठीक, अन्यथा प्रशासन इसमें कोई हस्तक्षेप करेगा। इस पर दोनों पक्षों ने सहमति दी कि वे पुराने नक्शे के हिसाब से प्लाट आवंटन को तैयार हैं। अयोध्यापुरी में आठ-दस भूखंडों को लेकर विवाद की स्थिति भी है। कुछ प्लाट ऐसे हैं जिन पर दो तरह के सदस्यों की दावेदारी है, जिनमें रजिस्ट्री वाले और रसीद वाले शामिल हैं।

देवी अहिल्या सोसाइटी में सर्वसम्मति से बोर्ड चुनने का सुझाव

बैठक में देवी अहिल्या श्रमिक कामगार गृह निर्माण सहकारी संस्था के कुछ प्रतिनिधि सदस्य भी थे। संस्था की श्री महालक्ष्मी नगर, अयोध्यापुरी, अशोक नगर सहित चार कालोनियां हैं। संस्था के करीब 6300 सदस्य हैं। इसके चुनाव 3 अक्टूबर को तय हैं। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने सदस्यों से आग्रह किया कि यदि संस्था की सभी कालोनियों से कुछ प्रतिनिधि शामिल कर बिना मतदान कराए सर्वसम्मति से चुनाव करा दिए जाएं तो बेहतर होगा। इस सुझाव पर सदस्यों से सहमति बनाने के लिए कहा गया है। श्री महालक्ष्मी नगर के लिए यह भी तय हुआ कि यहां अलग-अलग सेक्टर में जमीन का सीमांकन भी पूरा कराया जाएगा। साथ ही पुष्प विहार में जमीन के चार खसरों की जांच और सीमांकन भी कराया जाएगा। इससे जमीन की वास्तविक स्थिति पता चल सकेगी।

Posted By: Sameer Deshpande