जबलपुर में घरों में लगे मीटर तो बिजली की खपत 15-20 यूनिट, खंभे में टांगे तो 450 पहुंची खपत

Updated: | Tue, 30 Nov 2021 10:17 AM (IST)

जबलपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। बिजली चोरी रोकने के लिए विभाग वितरण ट्रांसफार्मर में बिजली सप्लाई पर नजर रख रहा है जिसके बिजली चोरी पकड़ी जा रही है। कटंगा स्थित राजीव गांधी बस्ती में ऐसी ही चोरी पकड़ी गई। यहां रहने वाले उपभोक्ताओं के 15 से 25 यूनिट खपत मासिक आ रही थी जबकि वितरण ट्रांसफार्मर में भारी तादात में बिजली खपत दर्ज हो रही थी।

ऐसे में बिजली कर्मियों ने जब बारीकी से जांच की तो चोरी मीटर को बायपास कर करते मिली। बिजली अफसरों ने जैसे ही बिजली के मीटर घर से निकालकर सीधे बिजली के पाेल पर लटकाए तो खपत का आंकड़ा 450 यूनिट तक मासिक पहुंच गया। इधर अफसरों की चिंता भी कम हुई क्योंकि हर माह 60 फीसद तक ट्रांसफार्मर से लाइन लास आ रहा था। जो इस मुहिम के बाद घटकर 30 फीसद तक पहुंच गया।

कार्यपालन अभियंता हिमांशु अग्रवाल ने बताया कि कटंगा की राजीव गांधी बस्ती में लंबे समय से बिजली चोरी की शिकायत आ रही थी लेकिन जांच में मामले सामने नहीं आ रहे थे। यहां लगे ट्रांसफार्मर से सप्लाई दर्ज होती थी लेकिन उस हिसाब से उपभोक्ताओं से बिजली के बिल का संग्रह नहीं होता था। जिस वजह से करीब 60 फीसद तक लाइन लास ट्रांसफार्मर से होता था। ऐसी स्थिति में एक टीम को जांच के लिए भेजा गया। जहां बड़ी चालाकी से कुछ उपभोक्ता पोल से सटाकर लाइन जमीन के नीचे से उतारकर लाए हुए थे। उसी के सहारे कई घरों की बिजली जलती थी। हर उपभोक्ता ने कार्रवाई से बचने के लिए घरों में मीटर का उपयोग दिखाया लेकिन उनकी खपत 15 से 25 यूनिट ही मासिक दर्ज हो रही थी। इस स्थिति को देखकर सभी उपभोक्ताओं के मीटर घरों से निकालकर पोल पर लटकाए गए। जिसके बाद खपत में भारी इजाफा हुआ। बताते हैं कि यहां रहने वाले उपभोक्ता हीटर का अधिक उपयोग करते थे। पशुओं के मांस को पकाने के लिए कई घंटे हीटर जलाया जाता था। जिस वजह से खपत बढ़ती थी।

Posted By: Ravindra Suhane