Jabalpur Column: कहीं विरोध में न बदल जाए आक्रोश

Updated: | Thu, 23 Sep 2021 01:05 PM (IST)

कालम, अंजुल मिश्रा। लाल हवेली के बड़े साहब की इंजीनियरिंग भी कमाल की है। केंद्रीय गृह मंत्री के नगरागमन पर जहां कार्यक्रम होना था वहां की सड़कों के गड्ढे उन्होंने जनसेवक यानी सफाई कर्मियों से भरवा दिए। लोक निर्माण विभाग से यदि यह काम करवाया होता तो उन्हें ठेकेदार को भुगतान करना पड़ता।

इसलिए साहब ने पैसा बचाने जनसेवकों का उपयोग कर लिया। कई जगह गाजर घास काटने का काम भी इन्हीं से करवाया जा रहा है। यह बात जब जनसेवकों के नेताओं को पता चली तो उन्हें विरोध शुरू कर दिया। उनका कहना है कि जनसेवकों का काम नाला-नाली की सफाई और कचरा, गंदगी साफ करना है। दूसरे काम कराए हैं तो उसका भुगतान अलग से करो। नेताओं की आवाज बुलंद होते ही जनसेवकों को भी समझ में आया और आक्रोश फूटना शुरू हो गया। यह आक्रोश जल्द ही विरोध में भी बदल सकता है।

हम बदलेंगे युग बदलेगा: गायत्री परिवार के आचार्य श्रीराम शर्मा जी ने कहा है हम बदलेंगे युग बदलेगा। बात अच्छी है, लेकिन लाल हवेली में सब कुछ इसके विपरीत हो रहा है। यहां कोई भी बदलना नहीं चाहता। उम्मीद यही करता है कि दूसरा बदल जाए। बात बड़े साहब से ही शुरू की जाए। बड़े साहब आधे से ज्यादा समय स्मार्ट सिटी या उद्योग भवन में बिताते हैं। लाल हवेली में जनता की समस्या सुनने के लिए समय ही नहीं है। भूले भटके लाल हवेली पहुंच भी गए तो जनता तो दूर अधिकारियों की भी नहीं सुनते, लेकिन अपने मातहतो के लिए उन्होंने फरमान जारी कर दिया है। नए आदेश में अधिकारियों को निर्देशित किया है कि सुबह 10 से शाम 6 बजे तक कार्यालय में बैठें ताकि जनता की समस्या का निराकरण सुनिश्चित हो। अब साहब को कौन बताए कि छोटों में संस्कार बड़े से ही आते हैं।

आधारताल में हिलेगा कांटा, तभी दर्ज होगी बारिश: देश का मौसम विभाग लगातार अपडेट होता जा रहा है। नए-नए यंत्र लग रहे हैं। बादल, बारिश के अलावा मौसम से जुड़ी महत्वपूर्ण सूचनाएं समय से पहले मिलने लगी हैं, लेकिन शहर का मौसम विभाग आज भी बाबा आदम के जमाने पर जी रहा है। करीब 15 लाख की आबादी वाले शहर में मौसम विभाग के पास एक ही वर्षा मापी यंत्र है। वह आधारताल क्षेत्र में लगा है। शहर में चाहे जितनी बारिश हो जाए लेकिन जब आधारताल में पानी गिरता है तभी कांटा हिलता है। इसी वजह है कि इस बार बारिश का आंकड़ा औसत से भी कम दर्ज हुआ है। सावन और भादों में इस बार भी पानी गिरा लेकिन ज्यादातर समय खंड बारिश रही। यही वजह है कि जब कभी यह पानी आधारताल क्षेत्र में नहीं गिरा तो मौसम विभाग के रिकार्ड में भी दर्ज नहीं हो पाया।

गिनती के साहब उनमें भी दो मैडम फ्री: लाल हवेली में पहले ही साहबों का टोटा है। पिछले कई सालों से यहां से सिर्फ तबादलों का दौर जारी है। बदले में गिनती के नए साहबों का आगमन ही हुआ है। इसके अलावा जनवरी से लेकर अभी तक 10 से ज्यादा अधिकारी सेवानिवृत्त हो चुके हैं। कुछ तबादला में दूसरे शहर पहुंच गए, जो बचे हैं उनमें भी एक-दो इसी माह सेवानिवृत्त हो जाएंगे। बावजूद इसके बड़े साहब के एक फरमान से दो मैडम फ्री हो गई। दोनों मैडमों का पद सहायक आयुक्त का है। अभी तक दोनों ही संभागीय अधिकारी की जिम्मेदारी संभाल रहीं थीं लेकिन 15 सितंबर को आदेश जारी होने के बाद से उनके पास कोई काम नहीं है। संभागीय अधिकारियों को शिकायत के आधार पर हटाया गया है। इनमें भी सबसे ज्यादा शिकायत एक ही संभागीय अधिकारी के खिलाफ थी लेकिन खामियाजा बाकी को भी भुगतना पड़ा।

Posted By: Ravindra Suhane